सीतापुर। रेउसा थाना पुलिस ने अवैध शस्त्र फैक्ट्री का भंडाफोड़ करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। उनके पास से भारी मात्रा में असलहे बनाने का सामान बरामद हुआ है। पुलिस के मुताबिक सभी शातिर अपराधी हैं। पुलिस टीम ने गांव सोनावा पैकरमा स्थित जायसवाल की आम की बाग से शस्त्रों का निर्माण करते हुए गांव के ही गोविंद, रामनरेश, सकरन के गद्दीनपुरवा मजरा उल्हा निवासी फरमान व अहरौरी निवासी ज्ञानेंद्र सिंह को गिरफ्तार किया है। एसओ संतोष कुमार ने बताया कि आरोपियों को जेल भेज दिया गया है।
16 साल बाद जरायम की दुनिया में लौटा रामनरेश
पुलिस की मानें तो पकड़े गए सभी आरोपी रामनरेश व ज्ञानेन्द्र के विरुद्ध पूर्व में भी थानों पर अवैध शस्त्र रखने, चोरी, गैंगेस्टर एक्ट आदि जैसे मुकदमे दर्ज हैं। ज्ञानेन्द्र व अन्य आरोपियों पर वर्ष 2020 में एक चोरी और 2018 में वन संरक्षण अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज हुआ था। इसके अलावा रामनरेश पर पहला मुकदमा वर्ष 2004 में अवैध असलहा रखने के लिए दर्ज हुआ था। इसके बाद से उस पर कोई मुकदमा नहीं लगा। वर्ष 2020 में दो मुकदमे और एक गैंगस्टर एक्ट का मुकदमा दर्ज हुआ था। ऐसे में सवाल उठता है कि रामनरेश अब तक कहां था। अगर वह 16 साल बाद जरायम की दुनिया में लौटा तो अब तक क्या कर रहा था।
सांड के हमले से किसान की मौत
पिसावां (सीतापुर)। थाना क्षेत्र में शनिवार को फसल देखने जा रहे किसान पर सांड ने हमला कर दिया। किसान की मौके पर ही मौत हो गई। क्षेत्र के गांव पेंदारी निवासी राजेंद्र (53) शनिवार शाम गांव के बाहर स्थित अपने खेत में लगी मूंगफली की फसल को देखने गया था। इस दौरान एक सांड फसल चर रहा था। जब राजेंद्र ने सांड को भगाया तो सांड ने उस पर हमला कर दिया। जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।