सीतापुर। एक तरफ जहां गर्मी में बच्चे डिहाईड्रेशन सहित बुखार से संक्रमित हो रहे है तो दूसरी तरफ उन्हें जिला अस्पताल में इलाज मिलने पर ही संकट खड़ा हो गया है। ओपीडी के बाल रोग विशेषज्ञ मेडिकल अवकाश पर चले गए हैं। चिकित्सक न होने से बच्चों की सही देखभाल नहीं हो पा रही है। कामचलाऊ तरीके से टेलीमेडीसिन से चिकित्सक इलाज करा रहे हैं।
ओपीडी में सोमवार को आए बच्चों के अभिभावक चिकित्सकों के इलाज से असंतुष्ट दिखाई दिए। जिला अस्पताल में बाल रोग विशेषज्ञ के पद पर डॉ. एके सिंह तैनात हैं। बीमारी के चलते वे चिकित्सीय अवकाश पर चले गए हैं। यह कब वापस आएंगे, जिम्मेदार अफसर नहीं बता पा रहे है। वर्तमान में ओपीडी में करीब सौ से अधिक बच्चे आ रहे हैं। सोमवार को 110 बच्चे इलाज करवाने आए। अधिकतर डिहाईड्रेशन, बुखार व जुखाम से पीड़ित थे। इसके अलावा कई बच्चे झटके, त्वचा संबंधी व सांस की बीमारी से भी परेशान थे।
भीड़ बढ़ रही है तो बच्चों को इलाज मिलना मुश्किल हो गया है। ऐसे में टेलीमेडिसिन के डॉ. प्रदीप कुमार व डॉ. आरती गौड़ को यहां की जिम्मेदारी दी गई है। लेकिन ये बाल रोग के विशेषज्ञ न होने से बच्चों को सही इलाज मिलना मुश्किल हो रहा है। सोमवार को जिला अस्पताल में मरीजों की काफी भीड़ नजर आई। करीब तीन हजार मरीजों ने ओपीडी में इलाज करवाया।
नहीं हो रहा फायदा
बुखार से पीड़ित मोहम्मद (4) का अभिभावक इलाज कराने आए थे। उन्होंने बताया कि दो बार दवा ले जा चुके हैं। लेकिन यहां के इलाज से कोई फायदा नहीं हो रहा है।
कौन सी खिलाएं दवा
हसीन (3) बुखार सहित अन्य बीमारियों से ग्रसित हैं। अभिभावक ने बताया पहले चिकित्सक ने जो दवाई लिखी थी। वह खरीद ली है। अब नए चिकित्सक ने फिर से दवा लिख दी है। समझ नहीं आ रहा है कौन सी दवाएं खिलाई जाएं।
लगा रहा हूं चक्कर
शालू (2) के पिता ने बताया कि कई दिनों से ओपीडी के चक्कर लगा रहा हूं। दवाएं खिलाने के बाद भी फायदा नहीं हो पा रहा है। बहुत परेशान हूं। किस चिकित्सक को दिखाएं कि फायदा हो जाए।
भर्ती बच्चों का हो रहा इलाज
जिला अस्पताल की ओपीडी में इलाज पर संकट है तो इंडोर में बच्चों को इलाज मिल रहा है। बच्चा वार्ड के लिए डॉ. आफाक इलाज कर रहे हैं तो पीकू वार्ड में डॉ. एसएन त्रिपाठी की तैनाती है। इससे यहां पर कोई दिक्कत नहीं है।
आ रही है दिक्कत
डॉ. एके सिंह मेडिकल अवकाश पर चले गए हैं। इस वजह से दिक्कतें आ रही हैं। ओपीडी में टेलीमेडिसिन के चिकित्सक बच्चों का इलाज करते हैं।
- डॉ. आरके सिंह, सीएमएस, जिला अस्पताल