पिसावां रमुवापुर गांव में मंगलवार शाम एक मासूम की गला घोंटकर हत्या कर दी गई। इसके बाद उसका शव घर के सामने पड़ा मिला। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के भेज दिया है। वहीं मामले में बालिका के पिता की तहरीर पर पुलिस ने गांव के ही एक युवक व उसके पिता के खिलाफ केस दर्ज कर लिया गया है।
पिसावां के रमुवापुर गांव निवासी अपर्णा (3) पुत्री धर्मेंद्र कुमार मंगलवार शाम करीब छह बजे अपनी बड़ी बहन हिशांती (7) के साथ घर के बाहर खेल रही थी। इसी बीच वह अचानक लापता हो गई। कुछ देर बाद मां शीतला ने बड़ी बेटी हिशांती से अपर्णा के बारे में पूछा तो उसने बताया कि गांव निवासी प्रदीप उर्फ पंकज उसे गोदी में उठाकर कहीं ले गया है।
शीतला ने पति को जानकारी देते हुए पुत्री की तलाश शुरू कर दी लेकिन दोनों का पता नहीं चला। इस बीच वह पंकज के घर पहुंच गई। हालांकि पंकज कुछ बताने के बजाय गाली-गलौच कर भाग जाने की नसीहत देने लगा।
इस पर बालिका के परिवारीजन उसकी तलाश करते रहे। धर्मेंद्र का कहना है कि रात करीब नौ बजे पंकज का पिता रामलड़ैता बेटी के शव को उसके घर के सामने फेंककर भाग गया। इस पर बालिका के परिवारीजन ने पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने पंकज व उसके पिता का पता लगाया लेकिन दोनों लापता मिले।
उधर, खबर पाकर एएसपी सुभाष चंद गंगवार, सीओ मिश्रिख उदय प्रताप सिंह भी मौके पर पहुंचे और जांच की। बालिका के पिता का आरोप है कि पंकज व उसके पिता ने उसकी पुत्री अपर्णा की हत्या कर दी और घटना को छुपाने के लिए लाश को उसके ही घर के बाहर फेंक दिया।
आरोप है कि बालिका की गला दबाकर हत्या की गई है। धर्मेंद्र ने पंकज व उसके पिता के खिलाफ केस दर्ज करा दिया है। पुलिस ने बच्ची के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। ग्रामीण अनहोनी की आशंका जता रहे हैं।
ग्रामीणों की मानें तो बच्चे के गले पर अंगुलियों के निशान मिले हैं। ग्रामीणों ने बताया कि आरोपी पंकज गलत नियत से बच्ची को उठा ले गया लेकिन इस बीच परिवारीजन उसे खोजने लगे तो फंसने के डर से आरोपी ने मासूम की गला घोंटकर हत्या कर दी। पुलिस का कहना है कि आरोपियों की तलाश की जा रही है। जल्द ही उन्हें दबोचा जाएगा।