बारात में की गई आतिशबाजी की चिन्गारी से गुरुवार देर रात शहर के जोगी टोला स्थित एक कबाड़ गोदाम में आग लग गई। देखते ही देखते गोदाम लपटों से घिर गया। आग की लपटें देख लोग भी सहम गए।
सूचना पर पहुंची दमकल की पांच गाड़ियों ने करीब पांच घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। हादसे में करीब सात लाख के नुकसान का अनुमान लगाया जा रहा है।
शहर के मोहल्ला कोट निवासी मोहम्मद रिजवान का जोगी टोला में शाह फैसल मस्जिद के सामने कबाड़ का बड़ा गोदाम है। रिजवान ने बताया कि रात को गोदाम बंद था। चौकीदार रखवाली कर रहा था। देर रात करीब 12 बजे शहर के गोड़ियन टोला में एक बारात जा रही थी। बारात में नाच-गाने के साथ आतिशबाजी हो रही थी।
आतिशबाजी होते देख चौकीदार ने मना किया, लेकिन बाराती नहीं माने और पटाखे दगाते रहे। इसी बीच आतिशबाजी की चिन्गारी उसके कबाड़ के गोदाम में कागज के गत्तों पर जा गिरी, जिससे गत्तों में आग लग गई। आसपास के लोगों ने आग बुझाने की कोशिश की, लेकिन चंद मिनटों में ही लपटों ने पूरे गोदाम को आगोश में ले लिया।
पूरा गोदाम धूं-धूंकर जल उठा। पुलिस व दमकल टीम को सूचना दी। पहले दमकल की एक गाड़ी आई, लेकिन टीम आग पर काबू पाने में नाकाम रही। जिसके बाद दमकल टीम के लोगों ने चार अन्य गाड़ियां भी मंगवा ली। पांच घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद दमकल टीम आग पर काबू पा सकी।
इस दौरान लपटों को देखकर आसपास के घरों के लोग भी सहम गए। घटना को लेकर कबाड़ व्यापारी का कहना है कि रात 12 बजे एक बारात में आतिशबाजी से आग लगी थी। हादसे में करीब सात लाख रुपये की संपत्ति बर्बाद हो गई।
उसने बताया कि उसके गोदाम में आग बुझाने के उपकरण मौजूद हैं, लेकिन जब तक उनका इस्तेमाल किया जाता, लपटें बेकाबू हो चुकी थी। बारातियों की गलती से आग लगी है। उनके खिलाफ तहरीर दी जाएगी। कोतवाल परशुराम सिंह का कहना है कि मामले की जांच कराई जा रही है। आवश्यक कार्रवाई होगी।