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बदमाशों से मुठभेड़, एक को लगी गोली

Sun, 05 Nov 2017 10:41 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
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पुलिस - फोटो : अमर उजाला
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बिसवां कोतवाली क्षेत्र में शनिवार देर रात बदमाशों व पुलिस के बीच मुठभेड़ हो गई। दोनों तरफ से करीब 7 राउंड फायरिंग हुई। इस दौरान पुलिस की ओर से हुई फायरिंग की चपेट में आकर 25 हजार का इनामी बदमाश गोविंद घायल हो गया।
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जबकि उसके दो साथी निकल भागने में सफल रहे। पुलिस ने घायल बदमाश को जिला अस्पताल में भर्ती कराया है। उसकी हालत खतरे से बाहर बताई जा रही है। पुलिस की मानें तो उसके ऊपर लूट, हत्या के प्रयास आदि के 12 मामले बताए जा रहे हैं। पुलिस ने उसके कब्जे से एक पिस्टल व कारतूस बरामद किया है।

शनिवार रात बिसवां कोतवाली पुलिस को सूचना मिली थी कि कुछ शातिर बदमाश शेखवापुर खंडहर के निकट वाहन लूट की साजिश रच रहे हैं। सूचना मिलते ही प्रभारी निरीक्षक हरमीत सिंह, उपनिरीक्षक आरपी यादव पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंच गए।
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उस दौरान खंडहर में तीन संदिग्ध नजर आए। पुलिस ने जैसे ही टार्च जलाकर आवाज लगाई। खंडहर में छिपकर बदमाशों ने फायरिंग शुरू कर दी। यह देख पुलिस ने भी मोर्चा संभाल लिया। पुलिस टीम ने घेराबंदी कर फायर किया, तो बदमाश भागने का प्रयास करने लगे।

इसी बीच पुलिस ने एक बदमाश के पैरों पर गोली मार दी। गोली लगते ही वह खंडहर के करीब ही गिर गया। जबकि उसके दो साथी हवा में फायर करते हुए निकल भागे। पुलिस ने मौके से एक बाइक, पिस्टल व तीन कारतूस बरामद की हैं।

पुलिस ने घायल बदमाश को जिला अस्पताल में भर्ती कराया है। प्रभारी निरीक्षक हरमीत सिंह ने बताया कि पकड़े गए बदमाश की पहचान तंबौर के ग्राम ड्योढ़ेडीह निवासी गोविंद के रूप में हुई है। गोविंद पर तंबौर थाने में ही आठ मामले दर्ज हैं।

जबकि जिले के अन्य थानों में व बहराइच जिले में भी आपराधिक मामले दर्ज हैं। बहराइच में लूट के एक मामले में गोविंद पर 25 हजार का इनाम भी घोषित है। प्रभारी निरीक्षक ने बताया कि गोविंद का आपराधिक इतिहास जुटाया जा रहा है।

बुलेट प्रूफ जैकेट से बची दरोगा की जान
मुठभेड़ के दौरान उपनिरीक्षक आरपी यादव बदमाशों के सामने आ गए। नतीजा बदमाशों ने दरोगा पर फायर झोंक दिया। पुलिस टीम पूरी तैयारी से गई थी।

उपनिरीक्षक ने बुलेट प्रूफ जैकेट पहन रखा था। बदमाशों की ओर से चलाई गई गोली आरपी यादव के सीने तक पहुंची जरूर, लेकिन वह बुलेट प्रूफ जैकेट से टकरा गई। प्रभारी निरीक्षक हरमीत सिंह ने बताया कि अगर उपनिरीक्षक ने बुलेट प्रूफ जैकेट न पहन रखी होती, तो जान खतरे में पड़ जाती।
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