रेउसा थाना पुलिस ने छापेमारी कर अल्कोहल लेकर जा रही एक पिकप को पकड़ा है। दो लोगों को गिरफ्तार किया है। पिकप में 37 कैंटर में अल्कोहल और एक में अवैध शराब बरामद की गई है। छापेमारी के दौरान ही पिकप में सवार दो आरोपी निकल भागने में सफल रहे। यह अल्कोहल बाराबंकी जिले से लखीमपुर जा रही थी। पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज करने के साथ ही आरोपियों को जेल भेजने की कार्रवाई की है।
एसपी राजेशकृष्ण ने एक सूचना के तहत रेउसा थाना पुलिस को नाकेबंदी के निर्देश दिए। जिसके बाद थानाध्यक्ष योगेंद्र प्रताप सिंह पुलिस बल के साथ थाना क्षेत्र के रेउसा तंबौर मार्ग पर सेवता मोड़ के निकट नाकेबंदी कर वाहनों की चेकिंग करने लगे। इसी बीच उधर से एक पिकप गुजरी। पुलिस ने जैसे ही वाहन की घेराबंदी की, उस पिकप में सवार दो लोग निकल भागे। जबकि दो लोगों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया।
पिकप में 38 कैंटर रखे थे। पिकप में एक बोरी यूरिया, 98 पौए जिनके ऊपर फाइटर शराब का रेपर चिपका हुआ था। थानाध्यक्ष ने बताया कि यह पूरा गैंग है जो अवैध शराब बनाने व बेचने का धंधा करता है। पकड़े गए लोगों की पहचान सदरपुर थाना क्षेत्र के ग्राम बेबियापुर निवासी दिनेश कुमार व बाराबंकी जिले के मोहम्मदपुर खाला निवासी मनोज के रूप में हुई है।
फरार व्यक्तियों की पहचान बाराबंकी के मोहम्मदपुर खाला थाना क्षेत्र के ग्राम बेलहरा निवासी असलम व सदरपुर थाना क्षेत्र के ग्राम देवियापुर निवासी सुशील कुमार मौर्य के रूप में हुई है। बरामद कैंटरों में भरी अल्कोहल से करीब 20 लाख रुपये कीमत की अवैध शराब तैयार की जा सकती थी। इस गैंग का सरगना असलम है, जो निकल भागने में सफल रहा। गैंग में और कितने लोग शामिल हैं, इसका पता लगाया जा रहा है। वाहन को सीज कर दिया गया है। आबकारी विभाग को सूचना देने के साथ आबकारी अधिनियम के तहत रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। आरोपियों को जेल भेजने की कार्रवाई की गई है।
टैंकर चालकों से खरीदते हैं शराब
सूत्र बताते हैं कि यह गैंग किसी मिल से अल्कोहल नहीं खरीद रहा है। इसके संपर्क में मिलों से अल्कोहल ले जाने वाले टैंकर चालक हैं। टैंकर जब अल्कोहल लेकर मिल से निकलता है, तब यह गैंग संपर्क करता है, जिसके बाद रास्ते में ही टैंकर से अल्कोहल निकाल कर टैंकर चालक को रुपये दिए जाते हैं। इसी तरह से कई टैंकर चालकों से संपर्क कर ये काफी कम दाम मेें अल्कोहल खरीदने के बाद शराब तैयार करते हैं। उस शराब से इस गैंग के सदस्यों को अच्छी खासी रकम पैदा होती है।