मिश्रिख कोतवाली क्षेत्र की घटना, पोस्टमार्टम को भेजा गया शव
मिश्रिख (सीतापुर)। कोतवाली इलाके में अत्यधिक कच्ची शराब के सेवन से एक युवक की हालत बिगड़ गई। घरवाले उसे सीएचसी ले गए। वहां डॉक्टरों ने युवक को मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजकर जांच शुरू कर दी है।
कोतवाली क्षेत्र के सरसई में रहने वाले मुनेंद्र (24) पुत्र अंबिका प्रसाद शराबी प्रवृत्ति का था। परिवारीजनों के मुताबिक, काफी मना करने पर भी वह शराब नहीं छोड़ रहा था। बुधवार की रात उसने कच्ची शराब का सेवन किया था। देर रात अचानक हालत बिगड़ने पर उसे सीएचसी ले जाया गया। जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
ग्रामीणों के मुताबिक, क्षेत्र के कई गांवों में खुलेआम कच्ची शराब बनाई और बेची जाती है। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। कोतवाली प्रभारी ब्रजेश राय ने बताया कि पीएम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत की वजह स्पष्ट हो सकेगी और आगे की कार्रवाई की जाएगी।
लीवर व गुर्दे के लिए घातक है कच्ची शराब
कच्ची शराब में अल्कोहल की मात्रा निश्चित नहीं रहती है। इसके अलावा यूरिया व कई दूसरी हानिकारक चीजों का उपयोग किया जाता है। डॉ. अनिल कुमार पंकज ने बताया कि कच्ची शराब का सेवन लीवर और गुर्दे के लिए घातक है। अत्यधिक सेवन से जान का खतरा भी उत्पन्न होने की संभावनाएं रहती है।
गांव-गांव धधक रहीं भट्ठियां
कोतवाली क्षेत्र के हर दूसरे गांव में कच्ची शराब की भट्ठियां धधक रही हैं। एक बड़ा तबका इस अवैध धंधे से जुड़ा है। पुलिस द्वारा कड़ी कार्रवाई नहीं किए जाने पर कच्ची शराब बनाने व बेचने का अवैध कारोबार धीरे-धीरे कुटीर उद्योग का रूप लेता जा रहा है।
सरायं बीबी, दशरथपुर, कर्मसेपुर, संजराबाद, कोचपुर, मढिय़ा, इस्लाम नगर, भिखनापुर, गव्वापुर, सरसौली, अटवा, कंजडनटोला आदि सैकड़ो गांवों में कच्ची शराब धड़ल्ले से बनाई जा रही है। लिहाजा, युवा वर्ग तेजी से नशे की गिरफ्त में आता जा रहा है।