नहर पटरी पर खेलते मिले सभी बच्चे
हरगांव (सीतापुर)। हरगांव क्षेत्र के पुलिस महकमे में सोमवार को चार बच्चों के अपहृत होने की सूचना से हड़कंप मच गया। पुलिस ने मामले की पड़ताल की तो अपहरण की सूचना झूठी निकली। जांच के दौरान सभी बच्चे गांव से कुछ दूरी पर ही नहर पटरी पर खेलते मिले।
हरगांव थाना क्षेत्र के बहेरवा गांव के चार बच्चे एक साथ खेलने के लिए गांव के बाहर निकले थे। इसी बीच ग्रामीणों ने हरगांव पुलिस को सूचना दी कि खेलने निकले चारों बच्चों को एसयूवी सवार अज्ञात लोग अपहरण कर ले गए हैं। सूचना मिलते ही पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया।
एसपी आनंद कुलकर्णी ने पूरे जिले में अलर्ट किया और वाहनों की चेकिंग शुरू कराई। वहीं आईजी लखनऊ परिक्षेत्र सुजीत पांडेय ने एसपी से घटना की जानकारी ली और बच्चों के सकुशल बरामदगी के निर्देश दिए। सीओ अंकित कुमार, थानाध्यक्ष अश्वनी पांडेय के तो मानों होश ही उड़ गए।
सीओ व थानाध्यक्ष जब बहेरवा गांव पहुंचे, तब पता चला कि बच्चों का अपहरण निकट के राजेपुर गांव से किया गया। पुलिस राजेपुर पहुंची तो पता चला कि बच्चे अंतिम बार उजागर पुरवा के निकट देखे गए। पुलिस वहां पहुंची, तो पता चला कि वहां भी बच्चे मौजूद नहीं है।
हालांकि पुलिस ने बच्चों की तलाश जारी रखी। इसी बीच सीओ व थानाध्यक्ष ने नहर पटरी पर पड़ताल शुरू कर दी। तभी चारों बच्चे नहर पटरी पर खेलते हुए नजर आए। गांव के लोगों ने जब बताया कि ये वही बच्चे हैं, जिनके अपहरण की बात कही जा रही है, तब जाकर थानाध्यक्ष व अन्य पुलिस कर्मियों ने राहत की सांस ली।
बच्चों ने पुलिस को बताया कि वे बेर खाने के लिए घर से निकले थे। थानाध्यक्ष ने बताया कि अपहरण की सूचना झूठी निकली है।