कमिश्नर ने एडीएम को जांच कर 15 दिन में रिपोर्ट देने के दिए निर्देश
सीतापुर। गांजर की चर्चित जमीन घोटाले की जांच अब एडीएम करेंगे। कमिश्नर अनिल गर्ग ने एडीएम विनय पाठक को जांच के निर्देश देते हुए 15 दिन में रिपोर्ट तलब की है। सेवता विधायक की शिकायत पर कमिश्नर ने यह निर्देश जारी किए हैं। अभी तक इस मामले की जांच सिटी मजिस्ट्रेट कर रहे थे।
मालूम हो, कि बिसवां तहसील क्षेत्र में बाढ़ पीड़ितों को बसाने के लिए खरीदी गई जमीन में करोड़ों का भ्रष्टाचार किया गया है। सेवता विधायक ज्ञान तिवारी द्वारा यह मामला जिले की प्रभारी मंत्री रीता बहुगुणा जोशी के सामने उठाए जाने पर प्रशासन में हड़कंप मच गया।
मीडिया की सुर्खियों में आने के बाद डीएम ने किरकिरी से बचने के लिए सिटी मजिस्ट्रेट हर्षदेव पांडेय को इस मामले की जांच सौंप दी। सरकारी कामकाज की तरह यह जांच भी कच्छप गति से रेंगती रही। इसी बीच विधायक ने कमिश्नर अनिल गर्ग से मिलकर इस मामले में निष्पक्ष व न्यायप्रिय कार्रवाई की मांग उठाई।
मंडलायुक्त को विधायक ने बताया कि जमीन घोटाले में किसानों के साथ किस तरह धोखा किया गया है। जिस रेट पर जमीन बेची गई वह मूल्य किसानों को मिला ही नही। इस पर मंडलायुक्त ने इस मामले में एडीएम विनय पाठक को जांच कर 15 दिन में रिपोर्ट सीधे उनके पास भेजने के निर्देश दिए हैं।
वहीं, विधायक ने इस जमीन घोटाले को लेकर जिले की प्रभारी मंत्री रीता बहुगुणा से भी मुलाकात कर अब तक की प्रगति से उनको अवगत कराया। उनके सामने पीड़ित किसानों को पेश किया। किसान रामधार और लालजी ने भी प्रभारी मंत्री को पूरे मामले से अवगत कराते हुए न्याय दिलाए जाने की गुहार लगाई है।