शहर में नगर पालिका में तैनात लिपिक अरुण बाजपेयी ने ईमानदारी की मिसाल पेश की है। ऑफिस में पड़े मिले बैग में एक लाख रुपये होने के बाद भी उसे लौटा दिया। शनिवार को अरुण अपने कामों में व्यस्त थे।
इस बीच उनकी नजर वहां सीट पर रखे एक बैग पर पड़ी। उन्होंने बैग खोलकर देखा तो उसमें तमाम कागजात व रुपये रखे थे। इस पर अरुण ने सूचना नगर विधायक राधेश्याम जायसवाल को दी।
जिसके बाद विधायक उन्हें लेकर एडीएम के यहां पहुंचे। यहां बैग की जांच की तो, उसमें 1 लाख रुपये व तमाम कागजात रखे हुए थे। इन्हीं कागजातों मे एक पत्र ईंट-भट्ठा व्यवसायी रमेश चंद्र के नाम का मिला।
रमेश से संपर्क किया गया, तो उन्होंने नगर पालिका कार्यालय में बैग भूल जाने की बात कही। जिसके बाद रमेश को एडीएम कार्यालय बुलाया गया और रुपयों का बैग उनके हवाले कर दिया गया।