- रुपये के स्रोत और भेजने वाले के बारे में पुलिस कर रही छानबीन
बस्ती। सऊदी अरब से दूसरों के खातों में रकम मंगवाकर संदिग्ध लोगों तक पहुंचाने वाले एक गिरोह का भंडाफोड़ हुआ है। गिरोह का पता शनिवार को तब चला एक व्यक्ति के खाते में भेजे गए पांच लाख रुपये निकाल कर देने से इनकार करने पर आरोपियों ने उसे घर से बुलाकर गाड़ी में डाला और अगवा कर ले गए। अपहरण की शिकायत पर पुलिस पीछे पड़ी तब मामला कुछ और ही सामने आया। पुलिस ने रुपये मंगाने वाले एक आरोपी को दबोच लिया है।
पुलिस के मुताबिक, कलवारी थाना क्षेत्र के सैफाबाद निवासी विजय कुमार गौतम पेट्रोल पंप पर काम करता है। उसके परिचित हीरालाल उर्फ मल्लू निवासी पिपरा जपती थाना वाल्टरगंज ने उसे प्रलोभन दिया कि उसके खाते में विदेश से वह पांच लाख रुपये मंगवा रहा है। रुपये आने पर खाते से निकालकर दे देना। इसके एवज में पांच प्रतिशत यानी 25 हजार रुपये ले लेना। रुपये खाते में आने के बाद विजय कुमार को किसी बात पर शक हुआ तो उसने खाते से रुपये निकाल कर देने से मना कर दिया।
आरोपी हीरालाल बार-बार रुपये निकालने का दबाव बनाने लगा। जब वह राजी नहीं हुआ तो शनिवार की रात करीब 10 बजे हीरालाल अपने कुछ अन्य साथियों के साथ बिना नंबर की काले रंग की स्कॉर्पियो लेकर विजय के घर पहुंचा और उसे जबरदस्ती गाड़ी में बैठाकर मुंह दबा लिया। आरोप है कि गाड़ी में ही उसे मारापीटा गया और बस्ती शहर में ले जाकर एटीएम से जबरदस्ती 46 हजार रुपये निकलवा लिए।
इस बीच पुलिस को सूचना मिल गई कि सैफाबाद से एक व्यक्ति का अपहरण कर लिया गया। पुलिस के पीछे पड़ने की भनक लगते ही आरोपी विजय को छोड़कर धमकी देते हुए फरार हो गए। सीओ कलवारी प्रदीप त्रिपाठी ने बताया कि कलवारी थाने में मारपीट, अपहरण आदि धाराओं में केस दर्ज कर मुख्य आरोपी हीरालाल उर्फ मल्लू को गिरफ्तार कर लिया गया है। बाकी की तलाश की जा रही है।
पुलिस के अनुसार, आरोपी ने पूछताछ में बताया कि वह रुपये सऊदी अरब से मंगाता है और वहां से बताए गए खातों में भेज देता है। इसके बदले उसे कमीशन मिलता है। पुलिस को संदेह है कि रकम किसी राष्ट्र विरोधी गतिविधि में इस्तेमाल करने के लिए भेजी जा रही थी। गिरोह में और कौन शामिल हैं और इसके पहले उन्होंने कब और कितनी रकम मंगाई है पुलिस इसके बारे में पूछताछ कर रही है। स्वाॅट टीम के सहयोग से कलवारी पुलिस ने आरोपी के पास से तमाम चेकबुक, एटीएम कार्ड आदि बरामद किए हैं। सीओ प्रदीप कुमार त्रिपाठी ने कहा कि मामला हवाला या धन शोधन से जुड़ा हो सकता है।