सिद्धार्थनगर। जिले में शनिवार को पछुआ की रफ्तार कुछ कम हुई तो पारा और चढ़ गया। अधिकतम तापमान में करीब एक डिग्री सेल्सियस वृद्धि हुई और तापमान 43.7 डिग्री सेल्सियस हो गया। दिन में लू से चेहरे मुरझा गए तो अधिक गर्मी से राहत के लिए लोग रात में पानी पीते रहे।
साफ आसमान में तेज धूप और पछुआ हवा की रफ्तार घटकर मात्र 12 से 15 किमी प्रति घंटा रह गई। इस कारण गर्मी का असर बढ़ गया। अधिकतम तापमान 43.7 डिग्री सेल्सियस रहा, जबकि एक दिन पहले अधिकतम तापमान 42.9 डिग्री सेल्सियस था। इसी प्रकार न्यूनतम तापमान भी वृद्धि हुई और रात में तापमान 31.2 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया। इस कारण लोग छतों पर टहलते नजर आए।
राज्य मौसम केंद्र के प्रभारी अतुल कुमार सिंह ने बताया कि दो दिन तक मौसम में कोई विशेष परिवर्तन नहीं होगा। उसके बाद बादल बारिश का मौसम शुरू हो सकता है।
बिजली के बिना पानी का संकट
शहरी क्षेत्र में लोकल फॉल्ट व ट्रिपिंग के कारण बिजली कट रही है तो शहर में पीने के पानी का संकट भी हो रहा है। शनिवार को बिजली कटने के कारण वन विभाग कॉलोनी में आरओ वॉटर प्लांट नहीं चला और लोगों को पानी के लिए प्लांट का दरवाजा खटखटाना पड़ा। बिजली विभाग के अधिशासी अभियंता आरके कुशवाहा ने बताया कि लोकल फॉल्ट व तारों को आपस में चिपकने से बिजली कट रही है।