संवाद न्यूज एजेंसी
बांसी। अपर सत्र न्यायाधीश बांसी सत्यप्रकाश आर्य ने बुधवार को गैर इरादतन हत्या, बलवा व मारपीट के तीन आरोपियों को दोषी करारकर छह साल का सश्रम कारावास व 43500 रुपये जुर्माने से दंडित किया है। साथ ही मारपीट, बलवा के दो आरोपियों को दोषी करारकर चार वर्ष के सश्रम कारावास व नौ हजार रुपये के जुर्माने की सजा से दंडित किया है।
बता दें कि 20 अगस्त 2020 को दोपहर तीन बजे दिन में ग्राम हथपरा थाना त्रिलोकपुर में जमीन के विवाद को लेकर अभियुक्त सफी मोहम्मद, रौआब, सोमई, गुड्डन, पप्पू, कैबुलन्निशां, जहीरुन्निशां, नन्हें उर्फ गुलाम रसूल, फारूख, जैस मोहम्मद, इसलामुन्निशा ग्राम हथपरा थाना त्रिलोकपुर द्वारा वादी लवकुश हथपरा थाना त्रिलोकपुर की जमीन पर जबरन नींव भराने पर मना करने पर आरोपियों ने वादी व वादी के परिजनों को ईंट-पत्थर, लाठी-डंडे से मारा पीटा। इसमें ध्रुपराज की मृत्यु हो गई।
वादी लवकुश के प्रार्थनापत्र पर थाना त्रिलोकपुर में सभी आरोपियों के विरुद्ध केस दर्ज हुआ। विवेचना उपरांत केस में विवेचक ने आरोपपत्र न्यायालय में प्रेषित किया। न्यायालय ने सरकार बनाम सफी मोहम्मद आदि का परीक्षण किया। सुनवाई के बाद बुधवार को अपर सत्र न्यायाधीश बांसी सत्यप्रकाश आर्य ने आरोपी सफी मोहम्मद, रौआब, सोमई को गैर इरादतन हत्या, बलवा व मारपीट का दोषी करारकर छह वर्ष के सश्रम कारावास व 43500 रुपये के जुर्माने की सजा तथा आरोपी पप्पू, गुड्डन को मारपीट, बलवा का दोषी करार कर चार वर्ष का सश्रम कारावास व नौ हजार रुपये के जुर्माने से दंडित किया है।
आरोपी गड्डन, कैमुलिन्निशां, जहीरुन्निशां, नन्हें उर्फ गुलाम रसूल, फारुख, जैस मोहम्मद, इस्लामुन्निशां को न्यायालय ने साक्ष्य के अभाव में बरी कर दिया है। साथ ही यह भी कहा कि जेल में बिताई गई अवधि सजा में समायोजित होगी। अभियोजन की पैरवी सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता ईश्वर चंद्र दुबे ने की।