उसका बाजार। प्राथमिक विद्यालयों में छात्रों की संख्या के आधार पर अपनाई जा रही समायोजन की प्रक्रिया को देखते हुए अशासकीय माध्यमिक विद्यालयों में शिक्षकों की नियुक्ति प्रक्रिया विद्यालयों में उपस्थित छात्रों की संख्या को मानक बना कर ही पूर्ण करनी चाहिए।ज्ञातव्य हो कि पूर्व में अशासकीय माध्यमिक विद्यालयों में शिक्षकों की कमी को पूरा करने के लिए विद्यालयों से विभाग को अधियाचना भेजी है। वर्तमान में इन विद्यालयों में छात्रों की संख्या बहुत कम है। इसमें बढ़ने की संभावना भी कम है। इस कारण पहले भेजी गई अधियाचना को निरस्त करते हुए प्रदेश सरकार को नए प्रकार से अधियाचना मांगनी चाहिए। समाजसेवी वीरेंद्र पांडेय ने प्रदेश सरकार से नई शिक्षक भर्ती को रोकते हुए वित्त विहीन विद्यालयों जीवी शिक्षकों को वेतन देते हुए समायोजन करने की मांग की है। संवाद