सिद्धार्थ नगर। शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) के अनिवार्यता का अखिल भारतीय जूनियर हाईस्कूल (पूर्व माध्यमिक) शिक्षक संघ विरोध कर रहा है। संगठन की ओर से प्रथम चरण में पांच सितंबर को शिक्षक दिवस के अवसर पर काली पट्टी बांध कर अपना विरोध दर्ज कराया जाएगा। जिलाध्यक्ष रमेश चंद्र मिश्र और महामंत्री कलीमुल्लाह ने कहा है कि यदि पांच वर्ष से अधिक सेवाकाल के अध्यापकों को पात्रता परीक्षा देना अनिवार्य है तो सभी अधिकारियों व कर्मचारियों के लिए भी पात्रता परीक्षा अनिवार्य होना चाहिए। सिर्फ शिक्षकों के लिए शिक्षक पात्रता परीक्षा अनिवार्य किया जाना न्यायसंगत नहीं है, इसलिए राष्ट्रीय और प्रांतीय नेतृत्व के निर्देश पर देश भर के शिक्षक, टीईटी अनिवार्यता के विरोध में काली पट्टी बांध कर अपना विरोध दर्ज कराएंगे। साथ ही लोकतांत्रिक तरीके से भारत सरकार से एक अध्यादेश लाकर टीईटी अनिवार्यता को समाप्त किए जाने की मांग करेंगे।