बिस्कोहर। क्षेत्र के खरिकवा केरवानिया गांव में आयोजित सात दिवसीय श्रीमद्भागवत महापुराण कथा के चौथे दिन बृहस्पतिवार की रात कथा व्यास पं. काली प्रसाद मिश्र ने भगवान शिव के दिव्य विवाह और भक्त ध्रुव के चरित्र का भावपूर्ण वर्णन किया। कथा के दौरान उन्होंने कहा कि भगवान शिव का जीवन त्याग, तपस्या और सरलता का संदेश देता है जबकि ध्रुव की अटूट भक्ति यह प्रेरणा देती है कि सच्ची श्रद्धा और दृढ़ संकल्प से ईश्वर की कृपा अवश्य प्राप्त होती है। कथा व्यास ने बताया कि विपरीत परिस्थितियों में भी ध्रुव ने भगवान विष्णु की कठोर आराधना कर अमर पद प्राप्त किया, जो भक्ति और विश्वास की सर्वोच्च मिसाल है। कथा के दौरान श्रद्धालु भक्ति रस में डूबे रहे और भगवान के जयघोष से पूरा पंडाल गूंज उठा। कथा के समापन पर आरती के बाद श्रद्धालुओं में प्रसाद वितरित किया गया।