तुलसियापुर। बढ़नी ब्लाॅक के अहिरौला में स्थित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र भुतहवा में तैनात चिकित्सक के अस्पताल में नहीं आने से दर्जनों गांवों के हजारों लोग झोलाछाप डॉक्टरों के भंवरजाल में फंसने को मजबूर है। क्षेत्रीय लोगों ने विधायक, डीएम व सीएमओ से अस्पताल में दूसरे चिकित्सक को तैनात करने की मांग की है।
बढ़नी ब्लाॅक के तुलसियापुर चौराहे के आसपास के औदही कलां, अहिरौला, मनिकौरा, मानपुर, तालकुंडा, पचऊध, मटियार उर्फ भुतहवा, गड़रखा, झिंगहा, मदरहिया आदि गांवों के हजारों लोगों के स्वास्थ्य की देखभाल के लिए अहिरौला में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र की स्थापना लगभग 15 वर्ष पहले हुई थी। लेकिन, कभी भी यह अस्पताल ग्रामीण इलाकों के मरीजों को अच्छी स्वास्थ्य सुविधा नहीं दे सका।
शुक्रवार को अमर उजाला के दो प्रतिनिधि सुबह 11 बजकर 08 मिनट पर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र बढ़नी व प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र भुतहवा पहुंचे। पीएचसी भुतहवा में फार्मेसिस्ट अमरेंद्र प्रताप सिंह व एक अन्य स्वास्थ्यकर्मी मौजूद मिले और चिकित्सक अस्पताल में मौजूद नहीं थे। पीएचसी बढ़नी के चिकित्सक आवास में उक्त समय भुतहवा में तैनात चिकित्सक प्राइवेट में मरीज देखते हुए दिखाई दिए।
पीएचसी भुतहवा की बिल्डिंग पूरी तरह से जर्जर हो गई है। छत गिर रही है। शुद्ध पेयजल आपूर्ति के लिए बना वाटर टैंक कभी शुरू ही नहीं हुआ। क्षेत्र के अजय वरुण, अशोक कुमार पासवान, राहुल शुक्ल, प्रदीप कुमार, राजेंद्र प्रसाद, महेंद्र शुक्ल आदि ने शोहरतगढ़ विधायक विनय वर्मा, डीएम पवन अग्रवाल व सीएमओ डाॅ. डीके चौधरी से पीएचसी भुतहवा में किसी दूसरे चिकित्सक की तैनाती करने की मांग की है।
इस संबंध में सीएमओ डाॅ. डीके चौधरी ने बताया कि चिकित्सक की काफी शिकायत मिल रही है। जांच करवाकर उचित कार्रवाई की जाएगी।