सिद्धार्थनगर। चित्रगुप्त धाम मंदिर में बुधवार को सामूहिक पूूजन का आयोजन किया गया है। कायस्थ समाज के लोग दोपहर एक बजे पूजन में शामिल होकर भगवान चित्रगुप्त की पूजा करेंगे।
कायस्थ समाज के लोग दिवाली से ही लेखनी का प्रयोग करना बंद कर देते हैं। उसके बाद यम द्वितीया के दिन सादे पेपर पर श्रीसीताराम लिखकर लेखनी का शुरुआत करते हैं। कायस्थ समाज के जिलाध्यक्ष लाल आनंद प्रकाश श्रीवास्तव ने बताया की यह परंपरा पूर्वजों के समय से ही चला आ रही है। हर वर्ष अपने आराध्य देव चित्रगुप्त की पूजा करने के लिए अमावस्या से ही अपनी लेखनी को विराम दे दिया है, उसके बाद यम द्वितीया के दिन भगवान चित्रगुप्त की पूजा करके सादे कागज पर श्रीसीताराम लिखकर गंगा में प्रवाहित करेंगे। जिलाध्यक्ष ने सभी कायस्थ समाज के लोगों से अपील की है कि दोपहर एक बजे चित्रगुप्त धाम मंदिर पहुंचकर अपने आराध्य देव की अराधना करे।