सिद्धार्थनगर। ट्रक से नकदी और बाइक की डिक्की आभूषण उड़ाने के मामले का पुलिस ने पर्दाफाश कर दिया। एसओजी और इटवा पुलिस की संयुक्त टीम ने आरोपी दो नाबालिगों कोे को बढ़नी रेलवे स्टेशन के पास से शुक्रवार सुबह दबोच लिया। इनके कब्जे से चोरी के 3.5 लाख रुपये नकदी और आभूषण बरामद हुआ है। उन्हें न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया गया, यहां से जेल भेज दिया गया।
पुलिस का दावा है कि वारदात को अंजाम देने के बाद दोनों नेपाल भाग गए थे। ट्रेन से निकलने के लिए वह नेपाल से बढ़नी आए थे। दोनों मध्य प्रदेश के रहने वाले हैं, जो बलरामपुर में डेरा डालकर रहते थे। प्रभारी निरीक्षक इटवा श्रीप्रकाश यादव ने बताया कि सात अक्तूबर को इटवा कस्बे में डीसीएम से 4.95 लाख रुपये नकदी और उसी दिन बाइक की डिक्की से चांदी का बिछिया और पायल चोरी हुई थी। इस मामले का पर्दाफाश करने के लिए थाने के अलावा एसओजी की टीम लगी थी। एक क्लू के आधार पर एसओजी प्रभारी शेषनाथ यादव और सर्विलांस प्रभारी सुरेंद्र सिंह के साथ टीम गठित की गई। जानकारी मिली की चोर बढ़नी रेलवे स्टेशन पर आने वाले हैं, ट्रेन पकड़कर कहीं जाएंगे। इसके बाद टीम पहुंच गई, इस दौरान दो संदिग्ध आते हुए दिखे।
जवानों ने रोका तो भागने लगे। पुलिस टीम ने घेराबंदी करके दोनों को पकड़ लिया। दोनों नाबालिग हैं और मध्यप्रदेश के दतिया जिले के रहने वाले हैं। जो बलरामपुर में डेरा डालकर तंबू में रहते थे। और घूमकर वारदात को अंजाम देते थे। उन्होंने चोरी करने की बात को स्वीकार किया। बताया कि वारदात करने के बाद नेपाल चले गए थे। उनके कब्जे से 3.5 लाख रुपये नकदी और बिछिया और पायल बरामद किया। पूछताछ करने के बाद न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया, यहां से जेल भेज दिया गया।