सिद्धार्थनगर। अगर आप के पास राशनकार्ड है और अपात्र की श्रेणी में आते हैं तो स्वयं निरस्त करा लें। सत्यापन के बाद पकड़े जाने पर रिकवरी के साथ अन्य कार्रवाई हो सकती है।
गरीबों को सस्ते दर पर कोटे की दुकान से राशन उपलब्ध कराने के लिए अंत्योदय व पात्र गृहस्थी राशनकार्ड जारी किया गया है। वर्तमान में राशन नि:शुल्क वितरण हो रहा है। लेकिन तमाम ऐसे कार्डधारक हैं जो वर्तमान में अपात्र हो गए हैं। वहीं पात्र होते हुए भी अधिकांश लाभार्थी योजना के लाभ से वंचित रह जा रहे हैं। हर दिन विभाग के कार्यालय पर लोग कार्ड बनवाने के लिए चक्कर लगा रहे हैं। लक्ष्य पूरा होने के कारण विभाग चाहकर भी नया राशनकार्ड जारी नहीं कर पा रहा है। जिला पूर्ति विभाग ने राशनकार्डों का सत्यापन करा रहा है। इस दौरान पकड़े जाने पर संबंधित से रिकवरी की जाएगी। इस संबंध में जिला पूर्ति अधिकारी बृजेश कुमार मिश्र ने बताया कि शासन द्वारा दिये गये निर्देशों के क्रम में राशनकार्डों के सत्यापन का कार्य चल रहा है। कार्डधारकों से अपील है कि अपात्र की श्रेणी में आने वाले अपना राशनकार्ड तत्काल निरस्त करा दें। सत्यापन के दौरान पकड़े जाने पर कार्रवाई तय है।
ये हैं अपात्र की श्रेणी में
नगरीय क्षेत्र
1- समस्त आयकर दाता
2- परिवार के किसी भी सदस्य के स्वामित्व में चार पहिया वाहन अथवा ट्रैक्टर अथवा हार्वेस्टर अथवा वातानुकूलन यन्त्र (एयर कंडिशनर) अथवा 05 केवीए या उससे अधिक क्षमता का जनरेटर है।
3- ऐसे परिवार जिसके किसी भी सदस्य के पास अकेले या अन्य सदस्य के साथ 100 वर्ग मीटर से अधिक का स्वअर्जित आवासीय प्लाट या उस पर स्वनिर्मित मकान अथवा 100 वर्ग मीटर से अधिक कार्पेट एरिया का आवासीय फ्लैट है।
4- ऐसे परिवार जिसके किसी भी सदस्य के स्वामित्व के साथ 80 वर्ग मीटर या उससे अधिक कार्पेट एरिया का व्यावसायिक स्थान है।
5- ऐसे परिवार जिसके समस्त सदस्यों की आय तीन लाख से रुपये वार्षिक से अधिक है।
6- ऐसे परिवार जिनके सदस्यों के पास एक से अधिक शस्त्र का लाइसेंस है।
ग्रामीण क्षेत्र
1- आयकर दाता
2- परिवार के किसी भी सदस्य के स्वामित्व में चार पहिया वाहन अथवा ट्रैक्टर अथवा हार्वेस्टर अथवा वातानुकूलित यंत्र, पांच केवीए या उससे अधिक क्षमता का जनरेटर है।
3- ऐसे परिवार जिसके किसी भी सदस्य के पास अकेले या अन्य सदस्य के स्वामित्व में पांच एकड़ से अधिक सिंचित भूमि है।
4- ऐसे परिवार जिनके समस्त सदस्यों की आय दो लाख रुपये वार्षिक से अधिक है।
5- ऐसे परिवार जिनके सदस्यों के पास एक से अधिक शस्त्र लाइसेंस या शस्त्र है।