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Siddharthnagar News: अधूरी गुड्स लाइन में मिली रैक लगाने की मंजूरी

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सिद्धार्थनगर। रेलवे स्टेशन में बनाई जा रही गुड्स लाइन में बोगी में माल लादने और चढ़ाने की मंजूरी मिल गई है। जिले में करीब तीस वर्ष बाद रेलवे से माल परिवहन की सुविधा शुरू हुई है। इससे उद्योग व्यापार को फायदा मिलने की संभावना है। हालांकि, अधूरी गुड्स लाइन का काम अधूरा होने के कारण व्यापारियों को परेशानियां हो सकती हैं।
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रेलवे स्टेशन पर गुड्स लाइन बना दी गई है। जमीन का समतलीकरण कर दिया गया है, लेकिन गुड शेड, सड़क व लाइट का कार्य अधूरा है। व्यापारी बताते हैं कि तीस वर्ष पहले तक उसका और सिद्धार्थनगर रेलवे स्टेशन पर छोटी लाइन से बोगी में माल आता था, लेकिन इधर माल परिवहन की सुविधा बंद हो गई थी।
अब हॉफ रैक में 22 बोगी व फुल रैक में 42 या 52 बोगी माल मंगाया जा सकता है, जबकि यहां भी माल बुक करने की सुविधा है। इसमें गिट्टी, सीमेंट, खाद व अन्य सामानों को मंगाया या भेजा जा सकता है। रेलवे के लखनऊ डिवीजन ने 26 अप्रैल को ही रेलवे स्टेशन सिद्धार्थनगर से माल परिवहन की सुविधा शुरू करने का पत्र भेज दिया गया है।
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ये हैं असुविधाएं
रेलवे गुड्स लाइन में प्लेटफार्म लाइन से ऊंचा नहीं किया गया है। रेलवे स्टेशन परिसर में बाउंड्री नहीं बनी है, जबकि रोशनी की व्यवस्था भी नहीं की गई है। सड़क नहीं बनाई गई है, इस कारण बरसात में ट्रकों के पहिए फंस सकते हैं। तहसील गेट के पास वाहनों की निकासी का रास्ता बनाया गया है, इस कारण रैक लगने से जाम की समस्या बन सकती है।

करना होगा ऑनलाइन आवेदन
व्यापारियों व उद्यमियों को रेलवे से माल परिवहन के लिए लखनऊ मंडल के कार्यालय में पंजीयन कराना होगा। उसके बाद माल मंगाने वाले या कहीं भेजने के लिए ऑनलाइन इंडेंट करना होगा। सुबह 6 से रात 10 बजे तक ट्रेन की बोगी से माल उतारा या उसमें लादा जा सकता है, जबकि सुबह 8 से रात 8 बजे तक शहर में नो एंट्री में भारी वाहनों का प्रवेश प्रतिबंधित रहता है।

उसका में बनना चाहिए था रैक प्वाइंट
सिद्धार्थनगर रेलवे स्टेशन पर गुड्स लाइन बनने के बारे में मुझे जानकारी नहीं थी। पहले जानकारी होती तो मैं इसे उसका रेलवे स्टेशन के पास बनाने का सुझाव देता। भारी माल वाहनों को शहर के बीच ले जाना और वहां से माल लादकर वापस लाना कठिन काम है। वहां भी नो एंट्री की समस्या आएगी। उसका में रेलवे की पर्याप्त जमीन है, वहां भी गुड्स लाइन बना दी जाए तो इसका लाभ मिलेगा।
-अनूप छापड़िया, व्यापारी

नई सुविधा से होगा फायदा
रेलवे गुड्स लाइन बनने से व्यापार उद्योग का फायदा होगा। जो असुविधाएं हैं, उसके लिए अधिकारियों से पत्राचार किया जाएगा। एक नई सुविधा शुरू हुई है, यह खुशी की बात है।
-रजत जायसवाल, सीमेंट-मिट्टी व्यापारी

रेलवे से माल ढुलाई होने पर परिवहन व्यय कम होगा तो उद्योग, व्यापार में फायदा होगा। गुड्स लाइन से ट्रकों को किसी अन्य रास्ते बाहर निकालने की व्यवस्था बनाई जाए तो काम आसान हो जाएगा। इस संबंध में भी रेलवे अधिकारियों से बात की जाएगी।
-पिंटू पाठक, खाद व्यापारी

सिद्धार्थनगर रेलवे स्टेशन पर व्यापारियों, उद्यमियों की सुविधा के लिए रेलवे गुड्स लाइन बनाई जा रही है। प्रोजेक्ट के अनुसार जो भी कार्य स्वीकृत होगा, वह होगा। गुड्स शेड व सड़क मार्ग भी बनाया जाएगा।
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-मनीष गुप्ता, पीआरओ, लखनऊ मंडल
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