सिद्धार्थनगर। मरीजों को चिकित्सीय सुविधा आसानी से मिल सके इसके लिए हर रविवार को आरोग्य मेला का आयोजन होता है। लेकिन जब डाक्टर न हो तो संसाधन होने के बाद भी रोगियों को निराश लौटना पड़ रहा है।
अमर उजाला ने रविवार को अर्बन पीएचसी पकड़ी के अंतर्गत हेल्थ वेलनेस सेंटर की हकीकत जानने के लिए पहुंचा। यहां पर सुबह से ही मरीजों को आना लगा था, लेकिन डाक्टर न होने से मरीजों को निराश लौटना पड़ा, जबकि इस वेलनेस सेंटर पर प्रतिदिन 10 से 15 मरीज उपचार कराने आते हैं। आरोग्य मेला में यह संख्या दोगुनी हो जाती है।
संजय त्रिपाठी, शेषधर, राजेश, बबलू, महेंद्र श्रीवास्तव ने बताया कि आरोग्य मेला में डॉक्टर को दिखाने आए थे लेकिन यहां आने पर पता चला कि 22 सितंबर से डाक्टर नहीं हैं। जिसके कारण उपचार नहीं हो पाया। यहां पर तैनात वरिष्ठ प्रयोग सहायक दयानंद मणि त्रिपाठी, सुनीता देवी, रोकैया खातून मौजूद रहीं।
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स्वास्थ्य मेला में 40 मरीजों के सेहत की जांच
सिद्धार्थनगर। प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र भुतहवा में रविवार को आरोग्य मेला में 40 मरीजों ने अपने स्वास्थ्य की जांच करवाई। विभिन्न रोगों से ग्रसित लोगों को दवाइयां दी गईं। मेले में बदलते मौसम में बुखार से पीड़ित मरीज आए। बढ़नी प्राथमिक स्वास्थ्य के भुतहवा में चिकित्सकों ने बुखार, चर्म रोग, गैस, पेट दर्द से संबधित रोगियों की जांच के बाद दवाई दी। चिकित्सकों ने बताया कि बदलते मौसम में बुखार से पीड़ित मरीज अधिक आए हैं। समान्य बुखार व बच्चों में खांसी के मरीज भी अधिक रहे। बढ़नी पीएचसी अधीक्षक अविनाश चौधरी ने बताया कि मेला में आए मरीजों को जांच कर दवाई दी गई।