बोली करेंगे उसी से शादी, नहीं माना तो दर्ज कराएंगे केस
सोशल मीडिया के इंस्टाग्राम से हुआ था दोनों में प्यार
देवरिया जनपद की लखनऊ में रहकर पढ़ने वाली छात्रा पहुंची चिल्हिया थाना क्षेत्र के निवासी युवक के घर
पुलिस ने पहुंचाया वन स्टाॅप सेंटर, सुबह भाई के साथ गई लखनऊ
संवाद न्यूज एजेंसी
सिद्धार्थनगर। सोशल मीडिया पर हिंदू बनकर मुस्लिम युवक ने युवती को अपने प्रेम जाल में फंसा लिया। युवती शुक्रवार रात चिल्हिया थाना क्षेत्र के रहने वाले प्रेमी के घर धमक पड़ी। मामले की जानकारी पुलिस को हुई तो वह मौके पर पहुंच गई। महिला पुलिस की देखरेख में उसे वन स्टाॅप सेंटर पहुंचाने के साथ ही भाई को जानकारी दी गई। शनिवार सुबह भाई पहुंचा और उसे लेकर लखनऊ चला गया।
युवती देवरिया जनपद के सलेमपुर थाना क्षेत्र के एक गांव की रहने वाली है। लखनऊ में रहकर वह विधि की पढ़ाई करती है। जाते-जाते उसने कहा कि शादी उसी से करेंगे, चाहे जिस धर्म का हो। अगर माना नहीं तो केस दर्ज कराएंगे।
जानकारी के अनुसार, देवरिया जनपद के सलेमपुर थाना क्षेत्र के एक गांव की रहने वाली एक युवती लखनऊ में विधि की छात्रा है। वह वहीं पर रहकर पढ़ाई करती है। बताया जा रहा है कि सोशल मीडिया के इंस्टाग्राम पेज के माध्यम से सिद्धार्थनगर जनपद के चिल्हिया थाना क्षेत्र के एक गांव निवासी युवक से उसका संपर्क हुआ। बातचीत शुरू हुई। बातचीत देखते ही देखते प्रेम प्रसंग में बदल गई।
मुस्लिम समुदाय का युवक खुद को हिंदू बता रहा था और सोशल मीडिया पर हिंदू नाम से प्रोफाइल बनाया था। शुक्रवार रात मामला तब खुल गया, जब छात्रा युवक के घर पर धमक पड़ी। इसके बाद हंगामा शुरू कर दिया। मामला थाने तक पहुंचा तो एसओ ने महिला पुलिसकर्मी की देखरेख में उसे वन स्टाॅप सेंटर भेज दिया। इसके साथ ही छात्रा के भाई को इस बात की जानकारी दी।
शनिवार सुबह भाई वन स्टाॅप सेंटर पहुंचा। पुलिस से वार्ता करके कोई कार्रवाई नहीं करने की बात करते हुए उसे लेकर लखनऊ के लिए रवाना हो गया। जाते वक्त लड़की बार-बार यही कर रही थी, चाहे जिस भी धर्म का होगा। वह शादी के उसी के साथ करेगी। अगर नहीं करेगा तो आगे पुलिस केस दर्ज कराएगी। कुछ देर तक रात में युवती वन स्टाॅप सेंटर के बाहर हंगामा करती रही। इसका कुछ लोगों ने वीडियाे बना लिया।
इस संबंध में एसओ चिल्हिया अमित कुमार ने बताया कि मामला संज्ञान में आने के बाद जानकारी ली गई और रात में ही युवती को महिला पुलिसकर्मी की देखरेख में वन स्टाॅप सेंटर भेज दिया गया था। सुबह भाई पहुंचा और उसने लिखकर दिया कि हमें कोई कार्रवाई यहां से नहीं करनी है। अगर केस दर्ज कराना होगा तो लखनऊ से ही दर्ज करवाएंगे। इसके बाद वह युवती को लेकर चला गया।