बांसी में रोते बिलखते मृतक के परिजन।
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एक सप्ताह पूर्व घर से मेला देखने निकले युवक का शव बुधवार को राप्ती नदी के किनारे क्षत-विक्षत हाल में पाया गया। शव को जानवरों ने बुरी तरह नोच डाला था। काफी कोशिशों के बाद उसकी शिनाख्त हो पाई। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। रिपोर्ट के बाद ही युवक की मौत के बारे में कुछ स्पष्ट हो पाएगा।
नगर के आर्यनगर वार्ड निवासी जोखन प्रसाद का छोटा भाई 22 वर्षीय महेन्द्र 3 मार्च की रात नौ बजे माघ मेला देखने की बात कह घर से निकला था। उसके बाद से ही वह लापता था। परिजन उसकी खोजबीन कर रहे थे।
इस बीच बुधवार की सुबह सोनखर गांव के पास राप्ती नदी में एक युवक का शव देखे जाने की सूचना मिली। मौके पर पहुंचकर पुलिस ने शव को बाहर निकलवाया, लेकिन चेहरा बुरी क्षत-विक्षत होने से पहचान नहीं हो पाया। शव का एक पैर भी नहीं था।
जेब से मिले ड्राइविंग लाइसेंस व आधार कार्ड के जरिए उसकी पहचान हुई। मौत के कारणों को लेकर फिलहाल असमंजस बना हुआ है। इस संबंध में कोतवाली बांसी के एसआई बीएन तिवारी ने बताया कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के कारणों के बारे में कुछ स्पष्ट कहा जा सकेगा।