अध्यक्ष-ईओ पर लगाया भ्रष्ट आचरण का आरोप
मुख्यमंत्री, नगर विकास मंत्री, मंडलायुक्त को पत्र लिखकर कार्रवाई की मांग की
नपं अध्यक्ष प्रतिनिधि सुभाष गुप्ता ने कहा सभासद खुद भ्रष्ट हैं, लगा रहे गलत आरोप
अमर उजाला ब्यूूरो
शोहरतगढ़। नगर पंचायत शोहरतगढ़ के पांच सभासदों ने अध्यक्ष बबिता कसौधन और अधिशासी अधिकारी शिव कुमार पर मिलीभगत कर भ्रष्ट आचरण का आरोप लगाया है। सभासदों ने कर्मचारियों का मासिक वेतन भुगतान करने के अलावा अन्य सभी तरह के भुगतान पर तत्काल रोक लगाने की मांग की है। उन्होंने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, नगर विकास मंत्री, मंडलायुक्त बस्ती और डीएम को शिकायती पत्र भेज कर कार्रवाई की मांग की है। सभासद नियाज अहमद, संजीव कुमार, मनोज गुप्ता, जरीना खातून और कलीमुन्निशा की ओर से भेजे गए पत्र में आरोप लगाया गया है कि नगर पंचायत की बोर्ड बैठकों की सूचना उन लोगों को नहीं दी जाती है। आठ मई 2020 को हुई बैठक की जानकारी भी उन्हें नहीं दी गई। बोर्ड की बैठक बिना एजेंडा रजिस्टर के सूचना दिए बैठक से तत्काल पहले फोन पर दी जाती है। आरोप है कि बैठक में चेयरमैन के अलावा उनके पति और परिवार के सदस्य मौजूद रहते हैं। बोर्ड सदस्यों पर शासन सत्ता की धौंस दिखाकर सभासदों से जबरन हस्ताक्षर करवाए जाते हैं। बोर्ड की बैठक में प्रस्ताव रजिस्टर पर पहले से ही सभी प्रस्ताव लिखे रहते हैं, बैठक में कोई भी सरकारी कर्मचारी मौजूद नहीं रहता, निजी कर्मचारी रहते हैं। नपं के अंतर्गत घरेलू मिट्टी पटान और भवन मानचित्र के नाम पर निजी कर्मचारियों से नगरवासियों को फर्जी नोटिस भिजवा कर धनउगाही की जा रही है। वार्डवासी इसकी शिकायत सभासदों से करते हैं। यह भी आरोप है कि स्वच्छ भारत मिशन के तहत अनेक लाभार्थियों को दिए जाने वाले 28 हजार रुपये नपं ने गलत ढंग से स्वयं को इसका भुगतान कर दिया। इस संबंध में ईओ शिव कुमार ने बताया कि उन्होंने तीन दिन पहले ही पद संभाला है इसलिए किसी आरोप या प्रकरण की जानकारी नहीं है, यदि कोई शिकायत आती तो निष्पक्ष ढंग से जांच कर उचित कार्रवाई की जाएगी। नगर पंचायत चेयरमैन बबिता कसौधन के प्रतिनिधि सुभाष गुप्ता ने कहा कि आरोप लगाने वाले सभासद विपक्षी पार्टी के हैं और भ्रष्टाचार में लिप्त हैं , यदि जांच होगी तो इन सभासदों की सच्चाई सामने आ जाएगी।