फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

सोशल मीडिया पर सतर्क रहें छात्राएं : सीओ

विज्ञापन
पुलिस की पाठशाला को संबोधित करते सीओ देवी गुलाम सिंह। - फोटो : SIDDHARTHNAGAR
विज्ञापन
सोशल मीडिया पर सतर्क रहें छात्राएं : सीओ
विज्ञापन

खेसरहा। महिलाओं को किसी से डरने की जरूरत नहीं है। सरकार और पुलिस महिलाओं के हित में लगातार कार्य कर रही हैं। सोशल मीडिया पर सतर्क छात्राएं रहें और विषम परिस्थिति में पुलिस की मदद लें। ये बातें सीओ बांसी देवी गुलाम सिंह ने कहीं। उन्होंने मंगलवार को अमर उजाला फाउंडेशन के बैनर तले विकास इंटर कॉलेज खेसरहा में आयोजित पुलिस की पाठशाला में छात्राओं को कानून की जानकारी दी। कार्यक्रम चार सौ छात्राएं मौजूद रहीं।
सीओ देवी गुलाम सिंह ने कहा कि सोशल मीडिया पर कोई भी निजी जानकारी, निजी तस्वीरें, पारिवारिक की स्थिति व जानकारियां साझा ना करें। मोबाइल पर गैरजरूरी व भड़काऊ पोस्ट ना करें। अनजान दोस्ती स्वीकार नहीं करें। थानाध्यक्ष खेसरहा भानु प्रताप सिंह ने कहा कि बेटियां शिक्षित होंगी तभी सशक्त बनेंगी। बेटियों को डरने की जरूरत नहीं है। किसी भी तरह की समस्या आने पर पुलिस हेल्पलाइन 112, 1090 पर काल कर सकती हैं। पुलिस हर कदम पर आपके साथ है। महिला आरक्षी अर्चना मिश्रा ने छात्राओं को विषम परिस्थितियों में बचाव व यातायात के नियमों को बताया। प्रधानाचार्य प्रकाश सिंह ने कहा कि कानून एवं नियम की जानकारी से छात्राओं का आत्मबल बढ़ेगा और वे सशक्त बनेंगी।
विज्ञापन

बोलीं छात्राएं
कानून के दम पर ही छात्राएं शिक्षा के क्षेत्र में आगे बढ़कर उड़ान भर रही हैं। आज पुलिस पाठशाला से उन्हें जो ज्ञान प्राप्त हुआ है, उसका दैनिक जीवन में उपयोग करेंगी और दूसरों को भी प्रेरित करेंगी। -छात्रा ज्ञान्वी शुक्ला, कक्षा 10
कार्यक्रम के जरिए महिलाओं से संबंधित अपराध में शिकायत दर्ज करने के बारे में जानकारी मिली है। साथ ही शिकायत कहां और कैसे करें? इसके बारे में बताया गया। इस जानकारी को वे दूसरों को भी बताएंगीे। -छात्रा संध्या प्रजापति
इस प्रकार के कार्यक्रम के होने से झिझक खत्म होती है। पुलिस के प्रति जो डर बना रहता है, वह दूर होता है। पुलिस क्षेत्राधिकारी ने सुरक्षा संबंधी बहुत अच्छी जानकारी दी। जरूरत पड़ने पर यह ज्ञान काम आएगा। -छात्रा संगीता यादव
विज्ञापन

पुलिस की पाठशाला से आत्मबल बढ़ा है। समय-समय पर ऐसे आयोजनों की जरूरत है, जिससे महिलाओं को जानकारी मिल सके कि उन्हें कौन-कौन से अधिकार मिले हैं। साथ ही दैनिक जीवन में काम आने वाली बातों जानकारी मिल सके। -छात्रा अंशिका
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें