अधिवक्ता की पत्नी के निधन पर न्यायिक कार्य से विरत रहने का दिया था प्रस्ताव
संवाद न्यूज एजेंसी
सिद्धार्थनगर। जनपद न्यायालय के अधिवक्ताओं ने शुक्रवार को न्यायिक कार्य नहीं किया। इस कारण राजस्व न्यायालयों में कार्य प्रभावित हुआ। अधिवक्ताओं ने जिलाधिकारी के समक्ष प्रस्ताव रखा तो उन्होंने प्रस्ताव को मानने से इन्कार कर दिया। इससे आक्रोशित अधिवक्ताओं ने जमकर बवाल किया। इस मौके पर अधिवक्ताओं ने नारेबाजी की।
जिला बार एसोसिएशन के अधिवक्ता त्रिपुरारी नाथ चौधरी की पत्नी का बृहस्पतिवार की रात निधन हो गया। जिला बार एसोसिएशन एवं तहसील बार एसोसिएशन नौगढ़ ने न्यायिक कार्य से विरत रहकर अंत्येष्टि में शामिल होने का प्रस्ताव पारित किया। जिलाधिकारी पवन कुमार अग्रवाल ने प्रस्ताव मानने से इन्कार कर दिया।
अधिवक्ताओं के प्रस्ताव की बात कहने पर उन्होंने कहा कि मैं प्रस्ताव को नहीं मानता। इस पर अधिवक्ता आक्रोशित हो गए और तत्काल बड़ी संख्या में अधिवक्ता जिलाधिकारी न्यायालय के सामने पहुंचकर नारेबाजी करने लगे। अधिवक्ताओं के आक्रोश को देखते हुए जिलाधिकारी ने न्यायालय का कार्य स्थगित कर दिया, तब जाकर अधिवक्ता शांत हुए।
इस दौरान जिला बार अध्यक्ष सत्यदेव सिंह, सिविल सिद्धार्थ बार एसोसिएशन महामंत्री सिद्धनाथ पांडेय, तहसील बार एसोसिएशन के अध्यक्ष गणेश शंकर मणि त्रिपाठी, महामंत्री सुशील मणि त्रिपाठी, दिव्य प्रकाश शुक्ल, विपेंद्र पांडेय, दुर्गेश पांडेय, कृष्ण बिहारी शुक्ल, सुरेंद्र गुप्ता, अनूप आदि मौजूद रहे।