गंध कुटी की परिक्रमा करते बौद्ध अनुयायी।-
कटरा। बौद्ध तपोस्थली श्रावस्ती शुक्रवार को श्रीलंका से आए अनुयायियों के 40 सदस्यीय दल से गुलजार रही। सभी अनुयायियों ने बौद्ध भिक्षु देवानंद के नेतृत्व में पारंपरिक तरीके से लंका मंदिर में दर्शन-पूजन किया। इस दौरान बौद्ध सभा का भी आयोजन किया गया। बौद्ध सभा को संबोधित करते हुए भिक्षु दीपालोक ने कहा कि बुद्ध की पूजा से मानसिक शांति, सकारात्मक ऊर्जा और समृद्धि मिलती है। बौद्ध सभा के बाद अनुयायियों ने गंधकुटी, कौशांबी कुटी, शिवली स्तूप, सभा मंडप, बोधि वृक्ष, राहुल कुटी, संघमित्रा कुटी, संघाराम बुद्ध विहार, कच्ची कुटी-पक्की कुटी आदि का भ्रमण कर उनके इतिहास की जानकारी ली।