श्रावस्ती। तराई क्षेत्र में लगातार चौथे दिन बृहस्पतिवार को भी बारिश नहीं हुई। बादलों की बेरुखी ने मौसम विभाग के आकलन को भी गलत साबित कर दिया। लोगों के मोबाइल पर दिन भर बारिश के अलर्ट संदेश आते रहे, पर उन्हें मायूसी मिली। सुबह से घुमड़ते बादल शाम तक नहीं बरसे, जिससे उमस बढ़ती रही। दोपहर में धूप निकलने से उमस में और वृद्धि हुई। शाम करीब छह बजे घने काले बादल छाए और तेज हवा चली। हालांकि, हवा के साथ ही बादल उड़ गए और बारिश की उम्मीद भी खत्म हो गई। बारिश न होने से तराई के किसान सबसे ज्यादा चिंतित हैं। किसान वरुण, मोनू, प्रकाश, जुमई ने बताया कि धान की रोपाई पिछड़ रही है, जिसका असर उपज पर पड़ेगा।