- जिला अस्पताल में ब्लड बैंक के लिए भवन व उपकरण उपलब्ध
- शासन से लाइसेंस का आवेदन न करने की मांगी गई रिपोर्ट
संवाद न्यूज एजेंसी
शामली। जिला बनने के 12 साल बाद भी ब्लड बैंक की सुविधा लोगों को नहीं मिल पाई है। जिला अस्पताल शुरू हुए भी दो साल से ज्यादा समय बीत गया, लेकिन ब्लड बैंक शुरू नहीं हो पाया। ब्लड बैंक के लाइसेंस के आवेदन करने के लिए शासन से स्टाफ की नियुक्ति का इंतजार है। स्टाफ नियुक्त होने के बाद ही जिला अस्पताल की तरफ से लाइसेंस के लिए आवेदन किया जाएगा। लाइसेंस के आवेदन न करने के संबंध में शासन ने जिला अस्पताल से रिपोर्ट मांगी है।
शामली के जिला बनने के बाद लोगाें को ब्लड बैंक की सुविधा उपलब्ध होने की उम्मीद जगी थी। जिला अस्पताल चालू हुए भी दो साल से ज्यादा समय हो गया, लेकिन ब्लड बैंक की सुविधा चालू नहीं हो सकी। जिला अस्पताल में प्रथम तल पर ब्लड बैंक के लिए चिह्नित भवन भी तैयार कर लिया गया है। शासन सतर से ब्लड बैंक संबंधी ज्यादातर उपकरण भी एक साल पहले उपलब्ध हो चुके हैं। जिला औषधि निरीक्षक भी ब्लड बैंक के लिए चयनित भवन का निरीक्षण कर अपनी रिपोर्ट शासन को भेज चुके हैं। अब सिर्फ शासन से स्टाफ की नियुक्ति का इंतजार है।
ब्लड बैंक व सेपरेशन यूनिट के लिए एक पैथोलोजिस्ट, दो लैब टेक्नीशियन और स्टाफ नर्स की जरूरत है, लेकिन अभी तक शासन से स्टाफ की नियुक्ति नहीं हो पाई। शासन ने जिला अस्पताल से ब्लड बैंक के लाइसेंस के लिए आवेदन न करने के संबंध में रिपोर्ट मांगी गई है। जिला अस्पताल ने शासन स्तर से स्टाफ की नियुक्ति न होने के कारण लाइसेंस के लिए आवेदन न करना बताया है।
जिला अस्पताल की सीएमएस डॉ. अजू जोधा ने बताया कि ब्लड बैंक के लाइसेंस के लिए पहले स्टाफ की नियुक्ति होगी। नियुक्त स्टाफ के प्रमाणपत्र लाइसेंस के आवेदन के साथ लगाए जाएंगे। इस वजह से अभी तक आवेदन नहीं हो पाया है। जैसे ही स्टाफ की नियुक्ति होगी, तभी लाइसेंस के लिए आवेदन कर दिया जाएगा।
- रक्त की जरूरत के लिए प्राइवेट में देना पड़ रहा महंगा शुल्क
आपातकालीन स्थिति में अगर किसी मरीज को रक्त की जरूरत पड़ती है तो उसे मुजफ्फरनगर या अन्य शहरों में जाना पड़ेगा या फिर प्राइवेट ब्लड बैंक में महंगा शुल्क देने को मजबूर होना पड़ता है।
- गर्भवती महिलाओं के लिए सीएचसी पर है रक्त संग्रह केंद्र
सीएचसी शामली पर रक्त संग्रह केंद्र की सुविधा है। इस केंद्र पर मुजफ्फरनगर ब्लड बैंक से रक्त की यूनिट लाकर संग्रह की जाती है। इस केंद्र से सिर्फ उन गर्भवती महिलाओं को रक्त उपलब्ध कराया जाता है, जो महिला सरकारी अस्पताल में भर्ती हों या जांच के दौरान रक्त की कमी सामने आए। इसके अलावा अन्य किसी को रक्त उपलब्ध नहीं कराया जाता।