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Shamli News: सोने-चांदी की आभासी खरीदारी, छोटे व्यापारियों पर पड़ रही भारी

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कैराना सराफा स्टोरी-राकेश वर्मा सराफा यूनियन अध्यक्ष - फोटो : SHAMLI
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सोने-चांदी की आभासी खरीदारी, छोटे व्यापारियों पर पड़ रही भारी
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शामली, कैराना। करीब दो दशक पहले सोने और चांदी की खरीद फरोख्त धरातल पर होती थी। कीमत दो और तुरंत सोना या चांदी ले लो। लेकिन अब एमसीएक्स (मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज) पर आभासी खरीद फरोख्त होने लगी। इसका सीधा असर सोने-चांदी के भाव पर पड़ा है। पहले सोना खरीदने के लिए पूरी कीमत हाथ में होनी चाहिए थी। लेकिन ऑनलाइन खरीदारी में केवल 10 प्रतिशत कीमत जमा कर खरीदारी की जा सकती है। एमसीएक्स पर सोने-चांदी के भाव से केवल मुनाफा कमाया जाता है या नुकसान होता है। वास्तव में सोना चांदी कोई नहीं खरीदता है। ऑनलाइन बाजार में सोने-चांदी की बिक्री कई गुणा बढ़ गई। अगर बिक्री अधिक है तो कीमत में भी हर रोज उछाल आएगा। 10 साल पहले सोने का भाव जहां 27 हजार रुपये प्रति दस ग्राम था वही 2023 में सोने का भाव 55 हजार रुपये प्रति दस ग्राम से अधिक हो गया है।
-एमसीएक्स क्या है
एमसीएक्स (मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज) शेयर मार्केट की तरह है। यहां अपना अकाउंट बनाकर ऑनलाइन खरीदारी की जाती। यह खरीदारी केवल मुनाफे या नुकसान के लिए होती है। अगर खरीदे गए सोने या चांदी में मुनाफा हुआ तो मुनाफे की रकम खाते में आ जाएगी और अगर नुकसान हुआ तो खाते से रकम कट जाती है।
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- छोटे सराफा व्यापारियों को दो तरफा नुकसान
एमसीएक्स के कारण छोटे व्यापारियों का दो तरफा नुकसान हो रहा है। सोने-चांदी के आसमान छू रहे भाव के कारण गरीब परिवार जेवर नहीं बनवा पाते। बड़े सराफा व्यापारी के पास सोने-चांदी का बड़ा स्टॉक होता है लेकिन छोटे शहरों में ग्राहक दुकानदारों को भाव तय करने के बाद जेवर का ऑर्डर देते हैं, पेशगी के तौर पर कुछ रकम जमा करा देते हैं। ऐसे में एमसीएक्स के कारण अगर भाव कम हो गया तो ग्राहक जेवर बनवाने से इन्कार कर देता है और पेशगी वापस मांगता है। अगर भाव अधिक हो गया तो दुकानदार को अधिक भाव में सोना खरीद कर कम भाव में देना पड़ता है। जिस कारण छोटे सराफा व्यापारी को दो तरफा नुकसान होता है।
- सराफा व्यापारी कहते हैं -
- सराफा यूनियन के अध्यक्ष राकेश वर्मा ने बताया कि एमसीएक्स के कारण सोने-चांदी के भाव नहीं ठहरते। जिस कारण छोटे दुकानदारों को परेशानी उठानी पड़ रही है।
- अंकुर वर्मा ने बताया कि सरकार को सोने-चांदी का ऑनलाइन व्यापार बंद करा देना चाहिए। ऑनलाइन के कारण भाव तेजी के साथ बढ़ रहे हैं।
- प्रदीप वर्मा ने बताया कि एमसीएक्स में कुछ सराफा व्यापारी नुकसान उठाने के चलते बर्बाद हो गए हैं। पहले मुनाफा आता है और बाद में सट्टे की तरह नुकसान होता है।
- राजेश वर्मा ने बताया कि एमसीएक्स के कारण सोने चांदी के भाव कब कम हो जाएं और कब अधिक हो जाएं कोई पता नहीं है। ऐसे में छोटे व्यापारी नुकसान उठा रहे हैं।
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- कमल वर्मा ने बताया कि भाव अधिक होने के कारण गरीब ग्राहक जेवर नहीं बनवा पाते है। सोने-चांदी का भाव अधिक होने में एमसीएक्स को पूरा योगदान है।

कैराना सराफा स्टोरी-अंकुर वर्मा- फोटो : SHAMLI

कैराना सराफा स्टोरी-प्रदीप वर्मा- फोटो : SHAMLI

कैराना सराफा स्टोरी-राजेश वर्मा- फोटो : SHAMLI

कैराना सराफा स्टोरी-कमल वर्मा- फोटो : SHAMLI

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