संवाद न्यूज एजेंसी
कैराना। पहाड़ी क्षेत्रों में वर्षा के चलते हथिनीकुंड बैराज से यमुना में 17827 क्यूसेक पानी डिस्चार्ज किया गया है। जलस्तर बढ़ने के कारण यमुना चेतावनी बिंदू से करीब डेढ़ मीटर नीचे बह रही है। इसके चलते एक बार फिर खादर के किसानों की चिंता बढ़ती नजर आ रही है। वहीं, बाढ़ चौकियों को अलर्ट रहने एवं निगरानी रखने के निर्देश दिए हैं।
मानसूनी वर्षा के चलते हथिनीकुंड बैराज से यमुना में निरंतर पानी छोड़ा जा रहा है। पिछले तीन दिन तक यमुना का जलस्तर बढ़ता जा रहा था। जिस कारण पुल के निकट कटाव होने से घाट स्थित मंदिर में पानी घुस गया था। इसी बीच बैराज पर पानी का दबाव कम होने के कारण जलस्तर घट गया था। बृहस्पतिवार को हथिनीकुंड बैराज से यमुना में 27457 क्यूसेक पानी डिस्चार्ज किए जाने के साथ ही पुल पर सूचकांक पर जलस्तर 229.35 मीटर पर रिकॉर्ड किया गया था।
यमुना में छोड़े गए पानी के शुक्रवार को कैराना तक पहुंचने पर जलस्तर फिर बढ़ गया। इसके बाद पूर्वाह्न 11 बजे जलस्तर 229.60 मीटर पर पहुंच गया। यहां से चेतावनी बिंदू 231 मीटर व खतरे का बिंदू 231.500 मीटर पर है। वहीं, यमुना का जलस्तर बढ़ने के कारण एक बार फिर से खादर के किसानों की चिंता बढ़ती नजर आ रही है। हालांकि, क्षेत्र में नुकसान की अभी सूचना नहीं है। क्षेत्र में बाढ़ चौकियों को अलर्ट रहने के साथ ही कड़ी निगरानी रखने के निर्देश दिए गए हैं। ड्रेनेज विभाग के अवर अभियंता आशु कुमार ने बताया कि शुक्रवार सुबह आठ बजे यमुना में 17827 क्यूसेक पानी डिस्चार्ज किया गया है। अगले 24 घंटे के अंदर पानी के कैराना तक पहुंचने की संभावना है। हालांकि इससे किसानों व ग्रामीणों को घबराने की आवश्यकता नहीं है।