शामली नगर पालिका परिषद हाउस टैक्स और वाटर टैक्स में बढ़ोत्तरी करने जा रही है। पालिका की आर्थिक स्थिति को मजबूत करने और स्वकर निर्धारण प्रणाली को लागू करने के लिए टैक्स में बढ़ोत्तरी का मसौदा तैयार कर लिया है। हाउस टैक्स, वाटर टैक्स की प्रस्तावित दरों पर नगर पालिका के सभासदों से सुझाव और आपत्तियां मांगी गई हैं। इसके बाद जनता की राय ली जाएगी और टैक्स की नई दरों का निर्धारण कर लागू कर दिया जाएगा।
नगर पालिका परिषद की चेयरपर्सन अंजना बंसल ने इस संबंध में सभी सभासदों को पत्र भेजा है। उसमें प्रस्तावित दरों का उल्लेख करने के साथ ही सभासदों से सुझाव और आपत्तियां मांगी गई हैं। कहा कि शासन की मंशा के मुताबिक स्वकर निर्धारण प्रणाली लागू की जानी है, जिसके चलते हाउस टैक्स, वाटर टैक्स की दरों में इजाफा किया जाना प्रस्तावित हैं। फिलहाल कुछ सभासदों ने अपने सुझाव दे दिए हैं, लेकिन काफी सभासदों ने अभी सुझाव या आपत्ति नहीं दी है। पालिका प्रशासन को उम्मीद है कि टैक्स में बढ़ोत्तरी होने पर पालिका की आर्थिक स्थिति में सुधार होगा, जिसका फायदा शहर के विकास को मिलेगा। चेयरमैन प्रतिनिधि राजेश्वर बंसल ने बताया कि टैक्स की दरें बढ़ाने की कवायद चल रही है। सभासदों के सुझाव और आपत्तियों के अलावा आम जनता से भी राय ली जाएगी। उसके बाद स्वकर निर्धारण प्रणाली को लागू कर दिया जाएगा।
18 साल से चल रहा एक रुपये प्रति गज का फार्मूला
नगर पालिका परिषद शामली में वर्ष 2000 के दौरान एक रुपये प्रति गज हाउस टैक्स और वाटर टैक्स का फार्मूला लागू किया था। तब से यही व्यवस्था चली आ रही है। अब शासन ने नगर निकायों को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाने के लिए स्वकर निर्धारण प्रणाली को प्रभावी ढंग से लागू करने और टैक्स में बढ़ोतरी का निर्देश दिया, जिसके चलते शामली नगर पालिका ने भी टैक्स में बढ़ोत्तरी की तैयारी कर ली है।
प्रस्तावित दरें
प्रकार ------------- हाउस टैक्स ------------------ वाटर टैक्स
50 गज तक ---------------- 100 रुपये ------------------- 200 रुपये
50 से 100 गज तक ----- तीन रुपये प्रति गज ---- 200 से 300 रुपये
100 से 200 गज तक ----- 4 रुपये प्रति गज ----- 4 रुपये प्रति गज
200 से 700 गज तक ------ 5 रुपये प्रति गज ------- 5 रुपये प्रति गज
खाली प्लाट पर ----------- 2 रुपये प्रति गज ------- दो रुपये प्रति गज
700 गज से ऊपर कवर्ड एरिया के हिसाब से टैक्स लगेगा