- होली से पहले समिति के माध्यम से किसानों के खातों में आ जाएगा पैसा
संवाद न्यूज एजेंसी
शामली। आखिर शामली और थानाभवन चीनी मिलों ने पिछले सत्र का किसानों का संपूर्ण गन्ना भुगतान कर दिया। दोनों मिलों पर 31.19 करोड़ बकाया था।
थानाभवन और शामली मिल का वर्तमान पेराई सत्र एक नवंबर को और ऊन चीनी मिल का पेराई सत्र दस नवंबर को चालू हुआ था। पिछले पेराई सत्र में शामली चीनी मिल ने 374.67 करोड़ रुपये, ऊन चीनी मिल ने 337 करोड़ रुपये और थानाभवन चीनी मिल ने 439.99 करोड़ रुपये का गन्ना खरीदा था। इसी वर्ष 23 जनवरी तक ऊन चीनी मिल अपना पिछले पेराई सत्र का संपूर्ण बकाया गन्ना भुगतान कर दिया था। शामली मिल पर 77.23 करोड़ रुपये, थानाभवन चीनी मिल पर 46 .20 करोड़ रुपये, कुल 123.43 करोड़ रुपये का बकाया शेष था।
प्रशासन ने थानाभवन चीनी मिल को 22 फरवरी और शामली चीनी मिल को 28 फरवरी तक बकाया संपूर्ण भुगतान का लक्ष्य दिया था। 23 फरवरी तक शामली चीनी मिल 25.98 करोड़ और थानाभवन चीनी मिल पर 5.21 करोड़ बकाया रह गए थे। गन्ना विभाग के रिकार्ड के मुताबिक दोनों मिलों ने पिछले सत्र बकाया 31.19 करोड़ रुपये का संपूर्ण गन्ना भुगतान समिति के माध्यम से भेज दिया है। होली से पहले किसानों के खाते में पैसा पहुंच जाएगा। डीसीओ विजय बहादुर सिंह ने बताया कि शामली और थानाभवन चीनी मिल ने पिछले सत्र का संपूर्ण गन्ना भुगतान कर दिया है।
वर्तमान पेराई सत्र का शामली मिल ने नहीं किया भुगतान
वर्तमान पेराई सत्र में जिले की चीनी मिलों ने 231.83 लाख क्विंटल गन्ना 707.39 करोड़ रुपये का खरीदा है, लेकिन नए पेराई सत्र में शामली चीनी मिल ने 191.33 करोड़ रुपये रुपये की गन्ना खरीद में कोई भुगतान नहीं किया है। जबकि ऊन चीनी मिल वर्तमान पेराई सत्र के 32.18 करोड़ रुपये और थानाभवन चीनी मिल 1.25 करोड़ रुपये का भुगतान कर चुकी है। जिले की चीनी मिलों पर 673.96 करोड़ का बकाया है। वर्तमान सत्र में थानाभवन चीनी मिल पर 300.16 करोड़ रुपये, शामली चीनी मिल पर 191.33 करोड़ रुपये और ऊन चीनी मिल पर 182.66 करोड़ रुपये बकाया है।