परिषदीय विद्यालयों में एक नवंबर से चलेगा रीडिंग कैंपेन
शामली। परिषदीय विद्यालयों में एक नवंबर से 45 दिन का रीडिंग कैंपेन शुरू किया जाएगा। इसका उद्देश्य विद्यार्थियों में किताबों को पढ़ने की आदत को विकसित करना है। यह अभियान कक्षा एक से लेकर कक्षा आठ तक के सभी विद्यार्थियों के लिए चलाया जाएगा। विद्यालयों में इस अभियान को शुरू कराए जाने की तैयारी की जा रही है।
शासन को अक्सर शिकायतें मिलती रहती हैं कि बेसिक शिक्षा विभाग से संचालित विद्यालयों में पढ़ने वाले विद्यार्थी किताबें पढ़ने में रुचि नहीं लेते, जिसके चलते वे किताबों को ठीक तरह से नहीं पढ़ पाते, यहां तक कि साधारण वाक्यों को भी वे सही तरह से नहीं बोल पाते। शासन ने इसे गंभीरता से लिया और एक नवंबर से प्राथमिक, उच्च प्राथमिक, कंपोजिट और कस्तूरबा गांधी बालिका आवासीय विद्यालयों में एक नवंबर से 45 दिन का रीडिंग कैंपेन चलाने के निर्देश दिए हैं। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों में किताबें अधिक से अधिक पढ़ने व समझने की सोच विकसित करना है।
इस अभियान के तहत साप्ताहिक कैलेंडर बनाया जाएगा। उसी के अनुसार विद्यालयों में गतिविधियां कराई जाएंगी। शासन स्तर से विद्यार्थियों को कक्षा के अनुसार चित्रों से युक्त सरल रोचक कहानियों से युक्त किताबें विभाग की तरफ से उपलब्ध कराई जाएगी और उन्हें बेहतर तरीके से पढ़ने के लिए प्रेरित किया जाएगा। इस अभियान को सफल बनाने में शिक्षकों के अलावा अभिभावकों व स्वयं सेवी संस्थाओं का भी सहयोग लिया जाएगा। यह अभियान तीन समूह में बांटकर चलाया जाएगा। समूह एक में बाल वाटिका से कक्षा दो, समूह दो में कक्षा तीन, चार, पांच और समूह तीन में कक्षा छह से आठ तक विद्यार्थी शामिल रहेंगे। बेसिक शिक्षा विभाग के जिला समन्वयक अमित कुमार ने बताया कि विद्यालयों में एक नवंबर से 45 दिन का रीडिंग कैंपेन शुरू किया जाएगा। विद्यालयों में अभियान शुरू करने की तैयारी की जा रही है।
-- इस तरह से चलेगा अभियान
- विद्यार्थियों को आकर्षक चित्रों वाली और रोचक कहानियों की पुस्तकों को उपलब्ध कराया जाएगा।
- विद्यार्थियों को पढ़ने के लिए नियमित समय और सहज वातावरण उपलब्ध कराया जाएगा।
- जोर-जोर से और साथ-साथ पढ़ना, पढ़ी हुई पुस्तकों पर आपस में चर्चा करना, शब्द खेल जैसी गतिविधियां कराईं जाएंगी।