शामली। बनत में प्रस्तावित जिला कारागार के लिए किसानों के 50 बैनामों की स्वीकृति उत्तर प्रदेश शासन से आखिर मिल गई है। उत्तर प्रदेश शासन से स्वीकृति के बाद जिला कारागार के लिए बैनामों की प्रक्रिया शुरू हो गई। पिछले दो दिनों में 37 किसानों के बैनामे हो चुके हैं।
बनत के दक्षिणी क्षेत्र में जिला कारागार शामली के लिए भूमि प्रस्तावित है। किसानों की भूमि के बैनामा कराने के लिए उत्तर प्रदेश शासन से एक अरब दो करोड़ रुपये की धनराशि जिला मुख्यालय को प्राप्त हो चुकी है। जिला कारागार की भूमि के किसानों के लिए बैनामे कराने के लिए प्रदेश की राज्यपाल की ओर से क्रेता के रूप में उत्तर प्रदेश शासन के सयुंक्त सचिव कारागार और प्रस्तुत कर्ता हेमराज को नामित किया था। जिला मुख्यालय से पचास किसानों के बैनामा कराने के लिए प्रदेश के सयुंक्त सचिव के हस्ताक्षर कराने के लिए अनुमति मांगी गई थी। लंबी प्रतीक्षा के बाद उत्तर प्रदेश के संयुक्त सचिव कारागार से हस्ताक्षर के बाद बैनामा पत्रावली जिला मुख्यालय पहुंच गई है। तहसीलदार सदर प्रियंका जायसवाल ने बताया कि शुक्रवार को 21 किसानों और शनिवार को 16 मिलाकर कुल 37 बैनामे उपनिबंधक कार्यालय में कराए गए हैं। सदर तहसीलदार सदर प्रियंका जायसवाल ने बताया कि सोमवार को अवशेष बैनामे की प्रक्रिया पूरी कर ली जाएगी।
सोमवार के बाद पचास किसानों के बैनामे कराए जाने के लिए हस्ताक्षर कराए जाने के लिए उत्तर प्रदेश शासन के सयुंक्त सचिव कारागार लखनऊ को भेज दिया है। एसडीएम सदर हामिद हुसैन ने बताया कि पहले चरण में 38 बैनामे होने है।
अस्थायी रूप से मुजफ्फरनगर में चल रही शामली की जेल
मुजफ्फरनगर से अलग होने के बाद शामली की जिला जेल मुजफ्फरनगर में चल रही है। जिला बनने के बाद बनत में जिला कारागार के लिए भूमि आरक्षित है।