शामली। जिले में संचालित चार कस्तूरबा आवासीय बालिका विद्यालयों की ग्रेडिंग कराई जाएगी। इसमें शैक्षणिक गतिविधियों के साथ ही उनमें उपलब्ध सुविधाओं का मूल्यांकन कराया जाएगा। ग्रेडिंग के बाद विद्यालयों की सूची प्रेरणा पोर्टल पर अपलोड की जाएगी।
बेसिक शिक्षा विभाग की इस कवायद का उद्देश्य जहां स्वस्थ प्रतिस्पर्धा को बढ़ावा देना हैं, वहीं विद्यालयों की कमियों का आंकलन कर उनको ठीक करना भी है। कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालयों की ग्रेडिंग के लिए सबसे पहले ऑनलाइन निगरानी कराई जाएगी। ग्रेडिंग में विद्यालयों को उपलब्ध मूलभूत सुविधाओं के आंकलन के साथ-साथ शिक्षा के स्तर एवं उसकी गुणवत्ता देखी जाएगी। शिक्षक एवं शिक्षणेत्तर कर्मचारियों की संख्या को भी आधार बनाया जाएगा।
ए ग्रेड पाने वाले विद्यालयों को विभिन्न क्षेत्रों में विशेष सुविधाएं देने का प्रावधान किया जाएगा। समग्र शिक्षा की परियोजना निदेशक की ओर से सभी बेसिक शिक्षा अधिकारियों के नाम सर्कुलर जारी किया गया है। इसमें कहा गया है कि कस्तूरबा विद्यालयों के शैक्षणिक स्तर को अन्य दूसरे अग्रणी राज्यों की तरह बनाए रखने के लिए इसकी ग्रेडिंग की जाएगी।
इन मानकों को जाएगा परखा
कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालयों में मूलभूत सुविधाएं देखी जाएंगी। शिक्षक से लेकर चतुर्थ श्रेणी तक के कर्मचारी पूरे हैं या नहीं इसकी जानकारी ली जाएगी। बालिकाओं की पढ़ाई की गुणवत्ता मापी जाएगी। वहां बालिकाओं को दिए जाने वाले भोजन आदि की गुणवत्ता परखी जाएगी। साथ ही शिक्षिकाओं के साथ बालिकाओं के गुरु शिष्य एवं मित्रवत संबंधों का भी आंकलन किया जाएगा।
कस्तूरबा विद्यालयों की ग्रेडिंग तीन श्रेणियों में होगी। सबसे बेहतर को ए ग्रेड दिया जाएगा। इसके बाद बी और सी ग्रेड सबसे अंतिम पायदान वाले स्कूलों को मिलेगा।
-प्रवेज, जिला समन्वयक बालिका शिक्षा