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Shamli News: हथियार एकत्र कर देश को दहलाना चाहते थे आईएसआई एजेंट

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शामली।बॉलीवुड फिल्म सूर्यवंशी की तर्ज पर ही आईएसआई और अन्य पाकिस्तान के आतंकी संगठन भारत में हथियार, बारूद एकत्रित कर ब्लास्ट और बवाल कराना चाहते थे। इसके लिए कलीम को जहां हथियार और बारूद देने का वायदा किया था। वहीं, वेस्ट यूपी के अधिक से अधिक लोगों को अपने साथ जोड़ा जा रहा था। हालांकि, पुलिस और एसटीएफ ने आईएसआई और आतंकी संगठनों के प्लान को चौपट कर दिया। मगर अभी भी आईएसआई एजेंटों के संपर्क में रहने वाले लोगों की तलाश एसटीएफ कर रही है। माना जा रहा है कि अन्य सदस्य किसी भी तरह की घटना को देश में अंजाम दे सकते हैं।
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एसटीएफ और शामली पुलिस ने कलीम के संपर्क में रहने वाले लोगों की धरपकड़ के लिए शामली, बागपत, मेरठ, सहारनपुर, बिजनौर, बुलंदशहर, हापुड़, नोएडा और दिल्ली के कई स्थानों की खाक छानी। हालांकि अभी अन्य कोई पकड़ में नहीं आ सका है। खुफिया सूत्रों के अनुसार, कलीम ने भी पूछताछ में बताया है कि सूर्यवंशी फिल्म की तरह ही देश में एक स्थान पर हथियार, बारूद एकत्रित कर किसी बड़ी वारदात की तैयारी थी। हालांकि तैयारी सूर्यवंशी फिल्म के रिलीज होने से पहले से ही चली आ रही है। देश के कई लोग आईएसआई एजेंटो का पूरा सहयोग कर रहे हैं। जांच में पता चला है कि कलीम और उसका भाई, अन्य आईएसआई से जुड़े लोग भारत और पाकिस्तान पर बनने वाली फिल्मों को देखना अधिक पसंद करते हैं।




-सूर्यवंशी फिल्म की तर्ज पर नेटवर्क बढ़ा रहा आईएसआई

पाकिस्तान से भारत आने वाले लोगों की आईएसआई के सदस्य पूरी मदद करते हैं। उन्हें सीमा तक पहुंचाने का प्रयास किया जाता है। सूर्यवंशी फिल्म में भी ऐसा ही दिखाया गया।
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सूर्यवंशी फिल्म में पाकिस्तान में बैठे आतंकी भारत में रहने वाले एजेंटों को हथियार से लेकर बारूद देने का दावा करते हैं। साथ ही कई शहरों में दंगा, बवाल कराने के आदेश देते हैं। ठीक इसी तरह कलीम और उसके भाई तहसीम को भी आईएसआई एजेंट दिलशाद मिर्जा ने बारूद, हथियार देने का वायदा किया था। साथ ही अधिक से अधिक लोगों को अपने साथ जोड़ने की बात कही थी। वहीं कलीम ने भी मुस्लिम लोगों को चुंगल में फंसाने का खुलासा किया है। इसके अलावा भारत में बनाए गए एजेंट मोबाइल पर एक-दूसरे के संपर्क में रहते हैं।






-इस्लामिक देशों के स्टेट्स लगाते हैं गिरोह के सदस्य

खुफिया एजेंसियों के अनुसार, जांच में पता चला है कि आईएसआई और अन्य संगठनों के लिए काम करने वाले लोग इस्लामिक देशों का स्टेट्स अपने व्हाट्सएप या फिर अन्य सोशल मीडिया प्लेटफार्मों पर लगाते हैं। इन्हें लगता है कि इस तरह का स्टेट्स देखकर अन्य लोग भी इनके साथ जुड़ेंगे। कलीम की तरह ही अन्य लोग भी भारत में लोगों को जेहाद फैलाने के लिए प्रेरित कर रहे हैं।




-जल्द गिरफ्त में होगा तहसीम और यूसुफ

शामली के एसपी अभिषेक और एसटीएफ के एएसपी बृजेश कुमार सिंह का कहना है कि संयुक्त अभियान चलाकर फरार चल रहे तहसीम और सहारनपुर के यूसुफ की तलाश में दबिश दी जा रही है। जल्द ही फरार आरोपी गिरफ्त में होंगे।
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