जलालाबाद। हसनपुर लुहारी गांव में तालाब की खोदाई के मामले में गड़बड़झाला सामने आया है। ग्राम पंचायत ने गांव के बच्चा श्मशान की भूमि पर कीचड़ डालकर भराव का नाम देकर दो लाख 80 हजार रुपये निकाल लिए। वहीं उक्त कीचड़ को मुफ्त बच्चा श्मशान पर डाला गया था।
कुछ महीने पहले ग्राम पंचायत की ओर से गांव के नया बांस मोहल्ला स्थित सरकारी तालाब की खुदाई कराई थी। यहां से कीचड़ निकालकर ग्राम पंचायत की ओर से बच्चा श्मशान की भूमि पर डाल दिया। यह मामला गांव में तूल पकड़ गया और लोगों ने बच्चा श्मशान की भूमि पर कीचड़ डालने का विरोध किया। उस समय ग्राम पंचायत सचिव ने कहा था कि भराव करने के लिए मिट्टी डाली गई थी। खोदाई के पांच सौ मीटर के अंदर मिट्टी डाली गई है तो यह कार्य ठेकेदार द्वारा निशुल्क किया गया। हालांकि, जिस तालाब से खोदाई कर कीचड़ यहां डाला गया था, वहां विकास कार्य करने के नाम पर नौ लाख रुपये का बजट निकाला गया। बावजूद इसके अब फिर ग्राम पंचायत ने बच्चा श्मशान में मिट्टी का भराव करने के नाम पर दो लाख 80 हजार रुपये का बजट पास कराया है। यानी जो कीचड़ मुफ्त में बच्चा श्मशान की भूमि पर डाला गया। अब उसी काम का ग्राम पंचायत ने दोबारा पैसा निकालने की करवाई शुरू कर दी है। इस संबंध में ग्रामीणों में रोष है। अमित सैनी, सुमित कुमार, विवेक, कुलदीप आदि ने बताया कि उन्होंने इस संबंध में ब्लाॅक में शिकायत भेजी है। यदि अब भी कोई कार्रवाई नहीं होती है तो जिलाधिकारी को शिकायत की जाएगी।
कीचड़ तो मुफ्त में डाला गया है, लेकिन जिस ट्रैक्टर से मिट्टी को यहां तक लाया गया है, उसके किराए के लिए ग्राम पंचायत के खाते से पैसे निकाले गए हैं। नीरज सैनी, ग्राम पंचायत सचिव