पश्चिमी विक्षोभ के चलते मानसून एक बार फिर सक्रिय
पूरे दिन में हुई 25 मिलीमीटर बारिश, अगले कुछ दिन तक मौसम खराब रहने का अनुमान
संवाद न्यूज एजेंसी
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शामली। पश्चिमी विक्षोभ के चलते उत्तराखंड और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में मानसून सक्रिय होने से बृहस्पतिवार को पूरे दिन रिमझिम बारिश होती रही। इससे जनजीवन अस्त-व्यस्त रहा। पूरे दिन में 25 मिलीमीटर से ज्यादा बारिश रिकॉर्ड की गई। पिछले तीन दिन में 63 एमएम बारिश जिले में हो चुकी है। मौसम विभाग के अधिकारियों के मुताबिक अगले 48 घंटे में मौसम खराब रहने का अनुमान है।
चक्रवात के कारण तीन दिन से उत्तराखंड और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में मानसून सक्रिय हो गया है। इसके चलते दिन-रात रिमझिम बारिश हो रही है। बृहस्पतिवार सुबह साढ़े सात बजे से लेकर शाम छह बजे तक रुक-रुक कर बारिश होती रही। इससे लोगों का परेशानी का सामना करना पड़ा। कई जगह जलभराव की स्थिति बन गई। मेरठ-करनाल हाईवे पर गड्ढों में पानी भरने से वाहन चालकों को मुश्किलों का सामना करना पड़ा। तीन दिन में जिले में 63 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई है। पूर्वी यमुना नहर खंड के उपराजस्व अधिकारी अंबुज चौधरी ने बताया कि मंगलवार को 17, बुधवार को 21, बृहस्पतिवार को 25 मिलीमीटर बारिश हुई है।
वहीं, सरदार वल्लभ भाई पटेल कृषि विश्वविद्यालय के मौसम वैज्ञानिक डॉ. यूपी शाही के मुताबिक पश्चिमी उत्तर प्रदेश के शामली, बागपत, हापुड़, मेरठ, गाजियाबाद, गौतमबुद्धनगर, अमरोहा, अलीगढ़, बुलंदशहर समेत 11 जिलों में येलो अलर्ट घोषित किया है। वहीं, 18 सितंबर तक मौसम खराब होने से बूंदाबांदी होती रहेगी।
बारिश से धान की फसल को नुकसान
कृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक डॉ. विकास मलिक ने बताया कि तीन से हो रही बूंदाबांदी गन्ना और हरा चारे के लिए फायदेमंद है। वहीं, धान की फसल के लिए नुकसानदायक है। धान की फसल पककर लगभग तैयार है। बूंदाबांदी से इसकी बाली काली पड़ जाएगी। इससे धान का उत्पादन प्रभावित हो सकता है।
पिछले तीन दिन से बारिश का आंकड़ा
दिन मिलीमीटर
13 सितंबर 17
14 सितंबर 21
15 सितंबर 25
बारिश से मौसम हुआ सुहावना
थानाभवन। नगर व क्षेत्र में दिनभर हल्की बूंदाबांदी रही। लगातार बारिश से जहां उमस भरी गर्मी से लोगों को राहत मिली और मौसम सुहावना हो गया। वहीं गन्ना और सब्जी के किसानों को जहां बारिश से लाभ हुआ। वहीं, कुछ क्षेत्रों में सड़कों पर जलभराव होने से लोगों को मुश्किलों का सामना करना पड़ा। नगर के बाजारों से रौनक पूरी तरह गायब दिखी, लोग घरों में कैद रहे। बारिश होने के चलते नगर में आयोजित गुघाल मेले में दंगल निरस्त कर दिया गया। इससे दंगल प्रेमियों को निराशा हुई।
शामली में बारिश के बीच गुजरते वाहन।- फोटो : SHAMLI
शामली में बारिश के बीच गुजरती युवतियां।- फोटो : SHAMLI