पीडि़तों से घटना की जानकारी लेते सीओ निशांक शर्मा।
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शामली के कांधला में सलेमपुर मार्ग हमजा कॉलोनी निवासी छह घरों में खुद को पुलिस बताकर घुसे करीब एक दर्जन बदमाशों ने हथियारों के बल पर महिला और बच्चों को गन प्वाइंट पर एक के बाद एक छह घरों में लाखों की डकैती डाली। विरोध करने पर बदमाशों ने लोगों को बुरी तरह से पीटा। लूटपाट करने के बाद बदमाश मौके से फरार हो गए। सूचना पर पहुंचे सीओ ने मौके पर पहुंचकर पीड़ित परिवारों से जानकारी ली।
कस्बे के सलेमपुर मार्ग पर स्थित दंगे के विस्थापित लोगों की हमजा कॉलोली में शनिवार रात करीब एक बदमाशों ने हमला बोल दिया। खुद को पुलिस बताते हुए बदमाशों ने घरों के दरवाजे खुलवाए। सबसे पहले आजाद के घर का दरवाजा खुलवाकर सभी को गन प्वाइंट पर लेकर परिवार को बंधक बना लिया। वहां से 8100 रुपये, मोबाइल, 250 ग्राम चांदी के आभूषण लूट लिए। उसके बाद समेदीन के घर से दो जोड़ी सोने के कुंडल, 750 ग्राम चांदी के आभूषण, बर्तन, मोबाइल लूटकर परिवार के लोगों को बंधक बनाकर बाहर से दरवाजा बंद कर दिया। तीसरी घटना नसीम के यहां हुई। यहां भी बदमाशों ने परिवार को बंधक बनाने के बाद दो लड़कियों की शादी के लिए जमा चार तोले सोने के गहने और हजारों रुपये समान लूट लिया।
मामूदीन के पूरे परिवार को गन प्वाइंट पर लेकर 27 हजार की नगदी, दो जोड़ी सोने के कुंडल, 750 ग्राम चांदी के जेवरात लूट लिए। सुक्का के मकान से 15 हजार की नगदी, दो तोले सोने के आभूषण, एक तोले कानों की बाली, एक किलो चांदी के आभूषण लूट लिए। शकीला के मकान से बदमाशों ने 18 हजार की नगदी, आधा किलो चांदी के आभूषणों के साथ ही हजारों रुपये का समान लूट लिया।
पीड़ित लोगों ने बंधक मुक्त होकर कॉलोनी में डकैती की सूचना पुलिस को दी। जिसके बाद पुलिस अधिकारियों में हड़कंप मच गया। रात में ही मौके पर पहुंची पुलिस ने लोगों से पूछताछ की। सुबह सीओ निशांक शर्मा ने मौके पर पहुंचकर घटनास्थल का दौरा किया। पीड़ितों ने थाने में तहरीर देकर घटना का खुलासा करने की मांग की है। सीओ निशांक शर्मा का करना है कि बदमाशों का सुराग लगाया जा रहा है।