शामली। प्रोजेक्ट वीर गाथा के तहत कक्षा तीन से 12 तक के छात्र-छात्राएं वीरों की गाथा को कविता, कहानी, निबंध, चित्रकला और वीडियो के जरिए प्रस्तुत करेंगे। जिला स्तर पर चयनित होने वाले छात्र-छात्राएं प्रदेश स्तर की प्रतियोगिता में भाग लेंगे।
देश का इतिहास वीरों की गाथा से भरा है। विद्यालयों में छात्र-छात्राओं के बीच सशस्त्र बलों के कर्मियों की बहादुरी के प्रचार-प्रसार के लिए सरकार ने गैलेंट्री अवार्ड्स पोर्टल की स्थापना की है। इसके अंतर्गत स्कूल स्तर पर प्रोजेक्ट वीरगाथा के तहत प्रतियोगिता आयोजित की जाती है। प्रोजेक्ट वीर गाथा के तहत अब जिले के छात्र-छात्राओं को राष्ट्रीय स्तर पर पुरस्कार जीतने का मौका मिल सकता है। इसके लिए कक्षा तीन से 12वीं तक के छात्र-छात्राएं देश के वीरों की वीरगाथा, वीरता पुरस्कार विजेताओं पर कविता, कहानी निबंध आदि प्रतियोगिताओं में भागीदारी करेंगे। प्रतियोगिता तीन चरणों में होगी। जिसमें पहला चरण जिला स्तर पर होगा। इसमें चार श्रेष्ठ छात्रों को अगले चरण में प्रदेश स्तरीय प्रतियोगिता में प्रवेश मिलेगा। प्रदेश स्तर पर आठ व राष्ट्रीय स्तर पर 100 बच्चों को चयनित करके पुरस्कृत किया जाएगा।
प्रोजेक्ट वीरगाथा के तहत जिला स्तर पर आयोजित होने वाली प्रतियोगिता के लिए डीआईओएस जेएस शाक्य व बीएसए लता राठौर ने सभी विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों को पत्र जारी किया है। प्रतियोगिता की विद्यालयवार प्रविष्टियां ऑनलाइन माध्यम से मांगते हुए 15 अक्तूबर तक पूर्ण कराने के निर्देश दिए हैं। इस प्रतियोगिता में प्रतिभाग करने वाले छात्र-छात्राओं की कुल संख्या भी प्रदर्शित की जाएगी। इन प्रविष्टियों का जिलास्तर पर मूल्यांकन किया जाएगा। इसके बाद सर्वश्रेष्ठ प्रविष्टियों को अगले दौर में भेजा जाएगा। अधिकारियों ने बताया कि प्रोजेक्ट वीरगाथा के तहत प्रतियोगिता कराई जाएगी।