- शामली से भैसवाल गांव जाने वाली सड़क भी रहेगी सुरक्षित
- दक्षिण दिशा में भूमि हस्तांतरित करने के लिए किसान और प्रशासन हो गए सहमत
संवाद न्यूज एजेंसी
शामली। खेलो इंडिया योजना के तहत स्वीकृत भैंसवाल गांव की दक्षिण दिशा में खेल स्टेडियम और प्रशासकीय भवन एक ही भूमि परिसर बनकर तैयार होगा। दक्षिण दिशा में भैसवाल खेल स्टेडियम और प्रशासकीय भवन निर्माण के लिए भैसवाल गांव के किसान पहले से सहमत हो गए थे। गांव के किसानाें की सहमति का मामला उत्तर प्रदेश शासन और जिला प्रशासन के संज्ञान में आने के बाद जिला स्तरीय समिति गठित हो गई थी। डीएम रविंद्र सिंह के निर्देश पर दक्षिण क्षेत्र की भूमि की पैमाइश कराने के बाद भूमि हस्तारण का प्रस्ताव तैयार कर लिया गया।
भैंसवाल गांव के जंगल में 4.51 हेक्टेयर भूमि खेल स्टेडियम के लिए चिह्नित की गई थी । भैसवाल खेल स्टेडियम की यह दुविधा थी कि स्टेडियम की भूमि दो भागों में विभाजित थी। भूमि के बीच से शामली से भैसवाल गांव में लोक निर्माण विभाग की मुख्य सड़क होकर जा रही थी। जिला प्रशासन की ओर प्रस्तावित खेल स्टेडियम की भूमि जिला प्रशासन ने खेल विभाग को हस्तांतरित कर दी। दो भागों में विभाजित भैसवाल खेल स्टेडियम की भूमि के बीच से जा रही लोक निर्माण विभाग की सड़क को हटाकर स्टेडियम और प्रशासकीय भवन एक करके उत्तर दिशा की ओर गांव कन्या जूनियर हाईस्कूल और श्मशान घाट की ओर से लेकर जाकर गांव के रजबहे किनारे का प्रस्ताव दिया था।
भैसवाल गांव के किसानों ने शासन और जिला प्रशासन का तर्क देते हुए कहा था कि खेल स्टेडियम के बीच जा रही सड़क हटाकर नई सड़क पर बनाने पर करोड़ों रुपये खर्च होगा। दूसरी ओर उत्तर दिशा के बराबर स्टेडियम की भूमि दक्षिण दिशा में गांव के किसान दें देंगे। भैसवाल गांव के किसानों ने यह तर्क भी दिया था कि इस प्रस्ताव पर जिला प्रशासन को नई सड़क नही बनानी पड़ेगी क्योंकि पुरानी सड़क सुरक्षित रहेगी। किसानों के प्रस्ताव में खेल स्टेडियम और प्रशासकीय भवन एक परिसर में रहेंगे।
भैसवाल खेल स्टेडियम की निर्माण एजेंसी यूपीसीएल के प्रोजेक्ट मेनेजर विकास त्यागी ने बताया कि दक्षिण दिशा में भैसवाल खेल स्टेडियम के लिए किसानो़ं की भूमि खेल विभाग को हस्तांतरित करने के लिए डीएम रविंद्र सिंह की अध्यक्षता में एक समिति गठित की गई है। 28 अगस्त को वह एडीएम से मिलकर पूरे मामले की समीक्षा करेंगे। एडीएम वित्त एवं राजस्व संतोष कुमार सिंह ने बताया कि भैसवाल खेल स्टेडियम की भूमि का पैमाइश कराकर भूमि हस्तांतरित का प्रस्ताव तैयार है। जल्दी ही भूमि का प्रस्ताव खेल विभाग को भेज दिया जाएगा।
स्टेडियम में खिलाड़ियों को ये मिलेंगी सुविधाएं
खिलाड़ियों को स्टेडियम में सभी इंडोर और आउटडोर खेलों की सभी सुविधाएं मिलेंगी। दौड़ के लिए ट्रैक बनाया जाएगा। एथलेटिक्स के अलावा कुश्ती, कबड्डी, हॉकी, फुटबॉल, बास्केटबॉल, वॉलीबाल, क्रिकेट, तैराकी, तीरंदाजी आदि खेलों के प्रशिक्षण के इंतजाम किए जाएंगे।