- लखनऊ एनएचएआई से जारी हो धनराशि तो विद्युत लाइन शिफ्टिंग का कार्य हो शुरू
विकास की बात
संवाद न्यूज एजेंसी
फोटो समाचार
शामली। दिल्ली-सहारनपुर हाईवे के बलवा बाईपास के रेलवे के उपरिगामी पुल निर्माण के लिए दोनाें साइडों पर गर्डर रखने का कार्य पूरा हो गया है। वैल्डिंग कार्य 15 दिन में पूरा होगा। बाईपास के ऊपर से गुजर रही हाइटेंशन विद्युत लाइनें ऊंची होने पर एप्रोच रोड पर काली परत डालने का रास्ता साफ होगा।
दिल्ली-सहारनपुर हाईवे के बलवा रेलवे उपरिगामी पुल का निर्माण युद्ध स्तर पर जारी है। बलवा के रेलवे उपरिगामी पुल के लिए पहले विद्युत लाइन नीचे करने का कार्य किया गया था। रेलवे का ब्लाॅक लेकर पुल पर गर्डर रखने का कार्य पूरा किया गया। 15 दिन में वैल्डिंग कार्य पूरा होने के बाद पुल के ऊपर स्लैब रखने और लिंटर का कार्य पूरा होना है। लिंटर का ढूला एक माह में खुल जाएगा। इसी दौरान बाईपास के ऊपर से गुजर रही हाइटेंशन विद्युत लाइन को ऊंचा करने के लिए साढ़े सात करोड़ की धनराशि एनएचएआई की ओर से बिजली विभाग के खाते में हस्तांतरित हो जाएगी। जिसके बाद बाईपास की एप्रोच रोड के निर्माण का रास्ता साफ हो जाएगा।
निर्माण एजेंसी के प्रोजेक्ट मैनेजर जितेंद्र बालियान ने बताया कि लखनऊ एनएचएआई की ओर से विद्युत निगम को साढ़े सात करोड़ रुपये की धनराशि हस्तांतरित होती है। धनराशि हस्तांतरित होने के बाद बाईपास के ऊपर से गुजर रही हाइटेंशन विद्युत लाइन ऊंचा करने में तीन माह का समय लग जाएगा।
लिलौन के जंगल से बलवा की ओर की जा रही है दोहरी लाइनें
लिलौन के जंगल से बलवा के जंगल में 220 केवी के विद्युत खंभों की लाइन गुजर रही है। बाईपास के बलवा रेलवे के उपरिगामी पुल के पास दोहरी लाइन गुजर रही है। इस लाइन में इतना खतरनाक करंट होता है कि करंट की आवाज हमेशा गूंजती रहती है।