जनपद में राष्ट्रीय कृमि मुक्ति कार्यक्रम 28 को
दवा से छूटे बच्चों को एक से तीन अगस्त के बीच खिलाई जाएगी दवा
संवाद न्यूज एजेंसी
शामली। कांवड़ यात्रा के चलते राष्ट्रीय कृमि मुक्ति कार्यक्रम अब 28 जुलाई को होगा। इस दौरान एक से 19 साल तक के बच्चों एवं युवाओं को पेट के कीड़े मारने की दवा एल्बेंडाजोल खिलाई जाएगी। इसके अतिरिक्त किसी कारणवश छूटे बच्चों को एक से तीन अगस्त के बीच दवा खिलाई जाएगी।
सीएमओ डॉ. संजय अग्रवाल ने बताया कि आंगनबाड़ी केंद्र, सरकारी और गैर सरकारी विद्यालयों में यह दवा खिलाई जाएगी। इसके अतिरिक्त बीएसए और निजी स्कूल संचालकों से भी बात की गई है। यदि कोई बच्चा छूट जाता है तो उसे एक से तीन अगस्त तक मॉपअप राउंड में दवा खिलाई जाएगी।
नोडल अधिकारी डॉ. सुशील कुमार ने बताया कि अभियान के तहत 6.25 लाख को गोली खिलाए जाने का लक्ष्य है। इसके अतिरिक्त किसी भी कारणवश छूटे बच्चों को एक से तीन अगस्त के बीच दवा खिलाई जाएगी। शिक्षक, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता एवं एएनएम को निर्देश दिए हैं कि कृमि मुक्ति दिवस कार्यक्रम के बारे में बच्चों, माता-पिता या अभिवावकों को बताएं।
क्यों जरूरी है दवा खिलाना
डॉ. सुशील ने बताया कि बच्चे अक्सर जमीन में गिरी चीज उठाकर खा लेते हैं। इसी तरह नंगे पांव संक्रमित स्थानों पर चले जाते हैं। इससे उनके पेट में कीड़े या कृमि विकसित हो जाते हैं। इससे बच्चा शारीरिक व मानसिक रूप से कमजोर होने लगता है। वह एनीमिया से ग्रसित हो जाता है। एल्बेंडाजॉल खाने से कीड़े पेट से बाहर आ जाते हैं। दवा खाने से कुछ बच्चों को हल्का चक्कर, थोड़ी घबराहट या उल्टी हो सकती है। दो से चार घंटे में स्थिति ठीक हो जाती है।
कृमि मुक्ति के फायदे
स्वास्थ्य और पोषण में सुधार
रोग प्रतिरोधक क्षमता में वृद्धि
रक्तअल्पता नियंत्रण की क्षमता में वृद्धि