शामली। सरशादी लाल समूह की अपर दोआब शुगर मिल शामली ने मात्र सात दिन का 12 करोड़ 50 लाख रुपये का किसानों का बकाया गन्ना भुगतान किया है।
किसानों के बकाया गन्ना भुगतान ब्याज समेत दिए जाने की मांग को लेकर सपा कार्यकर्ताओं ने दस अप्रैल को पैदल मार्च निकाला था। बाद में कांधला क्षेत्र के किसानों ने असली भारत संगठन के आह्वान पर शामली चीनी मिल के मुख्य गेट पर प्रदर्शन किया था। जिसके बाद सरशादी लाल समूह की अपर दो आब चीनी मिल ने 16 दिसंबर से लेेकर 22 दिसंबर तक 12 करोड़ 50 लाख रुपये तक का बकाया गन्ना भुगतान किया है। 22 दिसंबर तक शामली चीनी मिल द्वारा बकाया भुगतान किए जाने के बाद शामली चीनी मिल पर 19 अप्रैल तक 181 करोड़ 99 लाख रुपये किसानों का बकाया गन्ना भुगतान रह गया है। जिला गन्ना अधिकारी डॉ. अनिल भारती ने बताया कि जिले की चीनी मिलों पर किसानों का 511 करोड़ 13 लाख रुपये गन्ने का बकाया भुगतान रह गया हैं। जिसमें ऊन चीनी मिल पर थानाभवन 144 करोड़ 31 लाख रुपये व थानाभवन चीनी मिल पर 184 करोड़ 82 लाख रुपये किसानों का बकाया गन्ना भुगतान रह गया है। 7706 किसानों का गन्ना समाप्त हो गया है। उनके सट्टे को बंद किया जा रहा है। खेतों में गन्ना खड़े होने तक चीनी मिल बंद नही होने दी जाएगी। गन्ना मूल्य भुगतान के लिए चीनी मिलों को अल्टीमेटम दिया जा रहा है। वहीं, डीसीओ ने बताया कि गन्ना विकास राज्यमंत्री सुरेश राणा ने लखनऊ में चीनी मिल मालिकों की बैठक बुलाई थी। जिसमें किसानों के गन्ना भुगतान कराने के निर्देश दिए थे। जिसके बाद शामली चीनी मिल ने सात दिन का 12.50 करोड़ का बकाया भुगतान किया है।