खुटार। दो दिनों से हो रही झमाझम बारिश के चलते वैसे तो तमाम स्थानों पर जल जमाव हो गया है, लेकिन नई कालोनियों के लोगों का तो घरों से निकलना तक मुश्किल है।
गांव रसवां कलां जाने वाली सड़क के ऊपर से पानी चल रहा है। मोहल्ला पश्चिमी गढ़ी, बजरिया, कोट, पूर्वी गढ़ी में कई स्थानों पर जल जमाव होने से लोगों के घरों में पानी घुस गया। मोहल्ला सरोजनी नगर में सनी का मकान बारिश के चलते ढह गया। सनी इस समय बरेली के कस्बा फरीदपुर में रहते हैं। खुटार स्थित उनके मकान में सीतापुर के कस्बा बिसवां के लतीफ अहमद किराए पर रहते हैं। मकान के जिस कमरे में लतीफ अहमद रहते हैं, वह बच गया। मोहल्ला रायटोला में अनीस शर्मा के मकान की दीवार गिर गई।
बारिश के साथ चली तेज हवा से नगर में मेन रोड पर थाने के आगे एक पेड़ नगर पंचायत की लगी लाइट पर गिर गया। इससे खंभा टूटकर हाईवे पर गिर गया। बिटोली देवी महाविद्यालय के पास सड़क पर पानी चलने से आवागमन में दिक्कत हो रही है।
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रामपुर खुर्द में छोटी पुलिया के कारण डूब गईं फसलें
भारी बारिश के चलते रास्तों पर जल जमाव होने से लोगों को परेशानी हो रही है तो वहीं खेतों में भी पानी भरने से फसलें डूब गई हैं। गांव रामपुर खुर्द के पास एक रोड पर बनी एक पुलिया छोटी होने के कारण पानी ज्यादा नहीं निकल पा रहा है। इससे आसपास के क्षेत्र में फसलें डूब गईं। किसानों का कहना है कि इसके स्थान पर बड़ी पुलिया बनवाई जानी चाहिए, इससे आगे परेशानी का सामना नहीं करना पड़े।
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पुवायां में जलमग्न हुई गलियां...धान की फसल भी डूबी
पुवायां। रविवार सुबह क्षेत्र में नजारा अलग देखने को मिला। नगर के रामनगर, शास्त्रीनगर, कसभरा अस्तल, आनंद वाटिका आदि मोहल्लों में जलजमाव होने के कारण लोगों के घरों में भी पानी भर गया और तमाम गलियों में भी लोगों का निकलना मुश्किल है।
जलजमाव होने की जानकारी होने के बाद एसडीएम संजय पांडे के निर्देश पर नगर पालिका के ईओ सतेंद्र प्रकाश ने कर्मचारियों को कार्य में लगाया। इसके बाद बाइपास की ओर जेसीबी से रास्ता बनाकर पानी को गांव सतवां बुजुर्ग के झाबर की ओर निकालने का काम शुरू हुआ। नगर में भी कई स्थानों पर पंपिंग सेट लगाकर पानी को निकाला गया। सफाई कर्मचारियों ने भी कई स्थानों पर पानी का निकास बनाया। इससे रविवार शाम तक कुछ हालत ठीक हो सकी।
भारी बारिश के चलते पुवायां तहसील क्षेत्र में लगभग लगभग एक हजार हेक्टेयर से अधिक धान की फसल डूब गई है, जहां पर तेज बहाव है, वहां धान के बह जाने का खतरा है। अगर खेतों में पानी भरा रहा तो हाल ही में रोपे गए धान को बड़ा नुकसान पहुंच सकता है। बारिश से गन्ने की फसल को लाभ हुआ है।
पुवायां में नाला तोड़कर पानी निकालने में लगा पालिका कर्मचारी। संवाद
पुवायां में नाला तोड़कर पानी निकालने में लगा पालिका कर्मचारी। संवाद
पुवायां में नाला तोड़कर पानी निकालने में लगा पालिका कर्मचारी। संवाद