शाहजहांपुर। तिलहर थाना क्षेत्र के सुनौरा अजमतपुर गांव के श्रद्धालुओं से भरी ट्रॉली गर्रा नदी में पलटने से 14 लोगों की मौत हो गई थी। हादसे में 27 लोग घायल हो गए थे। घायलों को राजकीय मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया था। हादसे में गंभीर घायल पांच लोगों को लखनऊ और बरेली रेफर किया गया है। वहीं सात घायलों को अस्पताल से छुट्टी दे दी गई।
भागवत कथा के लिए जल लेने जाने के दौरान शनिवार को ट्रॉली गर्रा पुल से नीचे गिर गई थी। घायल नीलम (45) व नेहा (20) की हालत गंभीर होने पर रविवार सुबह उन्हें लखनऊ रेफर किया गया था। जहां उनकी हालत सामान्य बनी हुई है। सोमवार को राजू, अवंतिका और प्रिंस को भी परिजनों ने रेफर करा लिया है। सीएमएस डॉ. शैलेंद्र कुमार सिंह ने बताया कि हादसे में चोटिल पांच मरीजों को परिजनों ने रेफर कराया है। हालत में सुधार होने पर शानू (12), परविंदर (15), अरविंद (10), सूर्यांश (12), नीतू (18), राजीव तिवारी (18) व एक महिला को अस्पताल से छुट्टी दे दी गई है।
प्रतिभा की तबीयत बिगड़ी
- सुनौरा अजमतपुर निवासी अमित कुमार अपनी 12 साल की बेटी प्रतिभा को लेकर पहुंचे। प्रतिभा भी ट्रॉली पर बैठी थी और हादसे के बाद बच गई थी। अमित कुमार के अनुसार, सोमवार को उसकी तबीयत बिगड़ गई। पेट, सिर दर्द आदि की दिक्कतें हो रहीं हैं।
घायलों की हालत में सुधार, बच्चों के चेहरे पर लौटी रौनक
- राजकीय मेडिकल कॉलेज में भर्ती घायलों की हालत में काफी सुधार है। उनके हाथ-पैर जरूर टूटे हैं लेकिन पहले की तरह वे दर्द से नहीं कराह रहे हैं। घायल बच्चों की स्थिति में भी सुधार है। सोमवार को लाल सिंह का पुत्र आर्यन अपने बेड पर मोबाइल में गेम खेलते हुए नजर आया। लाल सिंह ने बताया कि उनका दूसरा पुत्र सूर्यांश भी जख्मी है। वह दूसरे बेड पर है।
गांव में पसरा रहा सन्नाटा
- ट्रॉली पलटने के बाद 14 लोगों की मौत व 27 लोगों के घायल होने के बाद गांव में सन्नाटा पसरा है। चारों ओर मातम छाया है। दूसरे दिन भी गांव का माहौल सामान्य नहीं हो पाया है। घरों से चीखपुकार सुनाई देती रही। वहीं गांव में घायलों की तबीयत को लेकर लोग चर्चा करते रहे।
मंत्री जितिन ने घायलों का हालचाल लिया
- लोक निर्माण मंत्री जितिन प्रसाद ने सोमवार को राजकीय मेडिकल कॉलेज में घायलों का हालचाल जाना। उन्होंने अधिकारियों को उपचार में कोई कोताही न बरतने के निर्देश दिए। जितिन प्रसाद ने कहा कि यह घटना बेहद दुखद एवं झकझोर देने वाली थी।
अस्पताल प्रशासन ने घायलों को दिया खून, मदद को आगे आई पुलिस
- हादसे में घायल होने वालों को खून की जरूरत पड़ी तो राजकीय मेडिकल कॉलेज का ब्लड बैंक सामने आ गया। मरीजों को खून उपलब्ध करा दिया गया। बताते हैं कि करीब 20 से 25 यूनिट खून मरीजों को दिया गया। ब्लड बैंक में खून की पूर्ति के लिए पुलिस आगे आई। सोमवार को तिलहर थाने से सात और कटरा थाने के दो पुलिसकर्मियों ने रक्तदान किया।
तिलहर के अजमतपुर सुनौरा गांव में दूसरे दिन पसरा सन्नाटा।संवाद