केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार द्वारा इंदिरा आवास योजना के विकल्प के तौर पर लांच की गई प्रधानमंत्री ग्रामीण आवास योजना न केवल बजट के लिहाज से बल्कि अन्य कई मामलों में अनूठी होगी। सबसे खास यह है कि प्रधानमंत्री योजना के तहत बनाए जाने वाले आवासों का नक्शा तय करके उसमें किचन, टायलेट और सीढ़ियों के लिए भी जगह दी गई है। बता दें कि इंदिरा आवास योजना में मकान के लिए 20 वर्ग मीटर जगह निर्धारित थी। लाभार्थियों को 35-35 हजार रुपये की दो किश्तों में बजट की धनराशि का भुगतान करके आवास निर्माण का काम लाभार्थी के जिम्मे छोड़ दिया जाता था। ऐसे में लाभार्थी आवास की धनराशि मनमाने तरीके से खर्च करके कहने को सिर्फ एक कमरा बनाकर छुट्टी पा लेते थे। मोदी सरकार ने प्रधानमंत्री योजना के आवास का बजट 50 हजार रुपये बढ़ाने के साथ ही मकान का डिजायन भी तय कर दिया है। जिला ग्राम्य विकास अभिकरण के परियोजना निदेशक अजय प्रकाश ने बताया कि वर्ष 2011 में हुई सामाजिक आर्थिक जातिगत जनगणना के आधार पर प्रधानमंत्री आवास के लिए जिन लोगों को पात्रता श्रेणी में पाया गया है, उन्हें 30 वर्ग मीटर स्थान में कमरा के साथ रसोई, शौचालय और छत पर जाने के लिए सीढ़ी अर्थात जीना भी बनवाना होगा। पीडी के अनुसार आवास में सीढ़ियां बनने पर लाभार्थी भविष्य में मकान की छत का भी उपयोग कर सकेंगे।