शाहजहांपुर। द्वितीय फास्ट ट्रैक कोर्ट के अपर सत्र न्यायाधीश नरेंद्रनाथ पांडेय ने किशोरी से दुष्कर्म के दोषी को दस साल के कारावास की सजा से दंडित किया। उस पर 32500 रुपये का जुर्माना भी लगाया।
अभियोजन पक्ष के अनुसार, कलान क्षेत्र की एक महिला अपनी 14 वर्ष की बेटी को लेकर दवा लेने गई थी। रास्ते में उसने बेटी को एक जगह बैठा दिया और खुद सब्जी लेने चली गई जब वह लौटी तो उसकी बेटी वहां नहीं मिली। उसने काफी तलाश किया लेकिन बेटी नहीं मिली। मां की तहरीर पर पुलिस ने 17 जनवरी 2023 को अज्ञात के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली। विवेचक ने 19 जनवरी 2023 को किशोरी को बरामद कर लिया। पीड़िता का चिकित्सीय परीक्षण कराया गया, जिसमें दुष्कर्म की पुष्टि हुई थी। इसके बाद जलालाबाद के पोथीराम के खिलाफ आरोप पत्र अदालत भेजा। अदालत में मुकदमा चलने के दौरान पांच गवाहों के बयानात और सरकारी वकील उमेश चंद्र अग्निहोत्री के तर्क सुनने के बाद अपर सत्र न्यायाधीश ने पोथीराम को दस वर्ष कारावास की सजा सुनाई।